सलमान शैख़@ पेटलावद शहर सहित पूरे अंचल में सरकार की भूमाफियाओ पर अतिक्रमण हटाओ मुहिम का कोई असर देखने को नहीं मिल रहा है, केवल कार्यवाही के नाम और फिर से मुख्य मार्गो के दुकानदारों को नोटिस थमाकर कार्यवाही की चेतावनी दी है, लेकिन इसमें भी पूरे नगर में नोटिस नही दिए गए है बल्कि नया बस स्टैंड इलाके में नपं ने नोटिस थमाये है, इससे कई दुकानदार सकते में है।। सभी ने अपनी दुकानों से शेड हटा लिए और कई छोटे दुकानदारों ने तो अपनी दुकानें ही बन्द कर दी। शहर में जहां सरकारी जमीनों पर अतिक्रमण के कई मामले खोल खा रहे हैं तो वहीं अंचल सहित अगर गिनती की जाये तो ऐसे सैंकड़ों मामले हैं जहां शासन की बेस कीमती भूमि पर अतिक्रमणकारियों ने कब्जा कर रखा है लेकिन बावजूद इस सबके पेटलावद प्रशासन की खामोशी समझ से परे है। नगर में भी सरकारी जमीनों पर काविज हैं भूमाफिया- अगर अतिक्रमण की बात की जाये तो पेटलावद नगर में शासन की कई वेस कीमती जमीनों पर भूमाफिया वर्षों से काविज हैं। उदाहरण के तौर पर पुलिस विभाग से सटी शासकीय भूमि पर भी भूमाफिया काबिज हैं जिन्हें प्रशासन आज तक बेदखल नहीं कर पाया है। इतना ही नहीं बल्कि ऐसे ही कई अन्य मामले और भी हैं जो कि पेटलावद प्रशासन की फाइलों में दफन हैं। आखिर रोड ओर क्यो अटके अधिकारी- मामला दरअसल, यूं है कि हर बार की तरह नपं ने उन दुकानदारो को नोटिस थमाए है जो केवल शेड बनाकर अपनी दुकाने चला रहे है, लेकिन वह मुख्य मार्ग से दूर है, लेकिन न तो बड़े कब्जेधारियो को नपं ने नोटिस दिए है और न ही हाथठेले, सब्जी-फल विक्रेताओ को शिफ्ट करने के लिए कोई योजना बनाई है, बस इन अधिकारियो को रोड़ वाले दुकानदार ही नजर आ रहे है। नपं की इस कार्रवाई को दुकानदारो ने एकपक्षीय कार्रवाई करार दिया है। सब्जी-फल और हाथठेले वालो को यहां करे शिफ्ट- 15 वर्षो पहले तत्कालीन नगर परिषद में भ्रष्टाचार की भेंट चढ़े बालोद्यान पर वर्तमान परिषद की नजर कांप्लेक्स निर्माण पर है, लेकिन यहां इन सब्जी-फल विक्रेताओ और हाथठेले वालो के लिए चिह्नित की जाए, ताकि मुख्य मार्ग पर अपना कारोबार कर रहे इन सभी को एक स्थान भी मिल जाएगा और नगर की सबसे बड़ी यातायात की समस्या हल हो जाएगी। एसडीएम को इस मामले में हस्तक्षेप करना चाहिए, यह स्थान बहुत बड़ा है यहां आसानी से पूरे नगर के सब्जी-फल विक्रेता और हाथठेले वाले शिफ्ट हो सकते है। हमेशा दुकानदारो को निशाना क्यो बनाता है प्रशासन- – वरिष्ठ भाजपा नेता और दुकानदार संजय मालवी ने बताया हमेशा दुकानदारो को प्रशासन निशाना बनाता है, लेकिन पक्के कब्जेधारियो पर नजर तक नही मारता, नपं की अतिक्रमण हटाओ मुहिम एक पक्षीय न रहे, कार्रवाई अगर हो तो फिर सभी पर हो। नतमस्तक क्यो है पूरा प्रशासन- – भाजपा परिषद में पार्षद रहे पूर्व भाजपा मंडल अध्यक्ष दिनेश व्यास ने बताया पेटलावद का प्रशासन सवाल उठाए है, उन्होनें चर्चा में बताया कि पूरा प्रशासन नतमस्तक है, ऐसा क्यो? कोई भी अधिकारी जिम्मेदारी लेने को तैयार नही है, अपने कार्यालयो में बैठकर नगर की समस्याएं हल नही होगी, उसके लिए जमीन पर आना होगा। अतिक्रमण हटाओ मुहिम में भू-माफियाओ पर कार्रवाई हो, न की गरीबो को फिर से सताया जाए। हमें शेड हटाने का नोटिस दिया हमने हटा लिए- मोबाइल रिपेयरिंग दुकानदार अरुण परमार ने बताया नपं ने हर बार की तरह हमें ही निशाना बनाया। हमें नोटिस थमाकर कार्रवाई की चेतावनी दी, लेकिन उससे पहले ही हमने हमारे शेड हटा लिए। इससे नपं को क्या मिलेगा, जो वर्षो से पक्के कब्जेधारी है उन्हें नपं और प्रशासन हटाकर बताए तो ही सही मायनो को अतिक्रमण हटाओ मुहिम कारगार होगी। पुलिस तैयार है, बस नपं और अनुविभाग करे पहल- टीआई संजय रावत ने बताया पुलिस तो हमेशा की तरह इस बार भी तैयार है, बस नपं और अनुविभाग पहल करे। हमारा काम है कानून व्यवस्था को सुचारू रूप से रखना। सीएमओ का जवाब- सीएमओ मनोज शर्मा से इस मामले मे बात की गई तो उनका कहना है कि अतिक्रमणकर्ताओं को नोटिस दिए गए है। अतिक्रमण दल अतिक्रमण हटाने निकलेगा। Post navigation यह कैसी अफसरशाही: नगर के सौंदर्य बढ़ाने के लिए लगाए गए पौधे जब पेड़ बने तो नपं ने काट दिए; पर्यावरणप्रेमियों में भारी आक्रोश भाजपा ने सुशासन दिवस के रूप में मनाया भारत रत्न स्व. अटलजी का जन्मदिन …