मयंक विश्वकर्मा@आम्बुआ आम्बुआ बोरझाड़ के मध्य बहने वाली हथनी नदी पर 25 वर्ष पूर्व विकासखंड उदयगढ़ के सिंचाई विभाग द्वारा निर्मित स्टॉप डेम अपनी दुर्दशा पर आंसू बहा रहा है महिनों तक विशाल जल राशि को सहेजने वाले स्टॉप डेम में वर्षा के बात कुछ दिनों तक भी नहीं रहता है पानी और वह सूख जाता है कड़ी शटर की मरम्मत नहीं हो रही है और अब स्टॉप डेम की दीवारें खोखली हो रही है जिलाधीश द्वारा जल संरचनाओं की मरम्मत के आदेश के बावजूद स्थानीय पंचायत इस ओर ध्यान नहीं दे रही है। आम्बुआ बोरझाड़ की जीवन रेखा कहीं जाने वाली हथनी नदी पर वर्ष 1997-98 में विकासखंड उदयगढ़ के सिंचाई विभाग द्वारा एक मजबूत स्टॉप डेम का निर्माण कराया गया था, मजबूती के कारण यह 25 वर्षों बाद भी अपने स्थान पर खड़ा है हालांकि अब इसकी दोनों तरफ की दीवारें खोखली होती जा रही है दीवारों के अंदर गहरे गड्ढे (सुरंगनुमा) हो चुकी है जिस कारण आगामी समय में वर्षा काल में स्टॉप डेम को नुकसानी हो सकती है इसके साथ ही तीन-चार वर्षों से इसकी कड़ी शटर (गेट) भी जीर्ण शीर्ण होने से जब गेट बंद किए जाते हैं तो पानी छेदों में से बाहर बह जाता है जिससे जल संग्रह नहीं हो पाता है नतीजा नदी कुछ दिनों बाद ही सूख जाती है। विगत दिनों तत्कालीन जिलाधीश श्री राघवेन्द्र सिंह जिले में जीर्ण शीर्ण स्टॉप डैमो, कुओं, बावड़ियों तथा तालाब आदि की मरम्मत गहरी करण कराने हेतु 15 दिन में कार्य पूर्ण करने की के आदेश जारी किए थे इसके बावजूद अनेक ग्राम पंचायतों ने अभी तक कार्य योजना बनाकर जनपद कार्यालय में नहीं भेजी है। 26 जनवरी को ग्राम सभा में भी इसके प्रस्ताव पारित होना थे मगर अधिकांश पंचायतों में या तो ग्राम सभाएं हुई ही नहीं या फिर औपचारिकता पूर्ण कर ली गई जिस कारण एक जल संवर्धन से संबंधित महत्वपूर्ण नहीं हो रहा है आम्बुआ में भी स्टॉप डेम तथा कुएं अपनी मरम्मत की राह निहार रहे हैं। Post navigation वैलेंटाइन डे पर प्रकृति का अजब गजब तोहफा होली का डंडा गाड़ा, एक माह तक शुभ कार्य बंद रहेंगे