झाबुआ लाइव के लिए पेटलावद से हरीश राठौड़ की रिपोर्ट- महिलाओं को अपने अधिकारों के प्रति सजग रहना चाहिए और किसी भी प्रकार से की जा रही प्रताडऩा के लिए कानून में संशोधन करते हुए घरेलू हिंसा अधिनियम के प्रावधानों को लागू किया गया है, और इस कानून के तहत महिलाएं अपने ऊपर की जा रही। किसी भी प्रकार की शारीरिक व मानसिक और आर्थिक प्रताडऩा के खिलाफ न्याय प्राप्त कर सकती है। यह बात पेटलावद न्यायाधीश एके बरला द्वारा ग्राम बैगनबर्डी में आयोजित विधिक साक्षरता शिविर में व्यक्त किए। जिला न्यायधीश और जिला विधिक साक्षरता समिति के अध्यक्ष एसके कुलकर्णी के निर्देश शिविर का आयोजन किया गया। उपस्थित ग्रामीणों को आगे संबोधित करते हुए बरला ने मनरेगा और शिक्षा के अधिकार कानून सहित मोटर विकल एक्ट के प्रावधानों के संबंध में जानकारी दी गई। कार्यक्रम में मुख्य रूप से ग्राम सरपंच पप्पूलाल गामड, अभिभाषक जितेंद्र जायसवाल, लक्ष्मीनारायण बैरागी, अविनाश उपाध्याय और न्यायालयीन कर्मचारी पवन पाटीदार और आरक्षक मुकेश भी उपस्थित थे। Post navigation मजदूरी का भुगतान नहीं करने पर लेखापाल पुष्पेन्द्र नागर को शोकॉज नोटिस एटीएम पर लगी लंबी कतारों के बाद हुई लिंक फेल ने परेशानी बढ़ाई