जितेंद्र वाणी@नानपुर थाना नानपुर क्षेत्रान्तर्गत कोविड’19 के दौरान घटना दिनांक 18.04.2020 को रात्री करीबन 10.00 बजे डायल-100 पर के.बी.रोड जैन मंदिर मिल के सामने कुछ लडके इक्कठा होकर उदम मचानें की सूचना का इंवेट प्राप्त होने से डायल-100 वाहन क्रं0 एमपी 04 टीए 8425 से पायलेट के साथ फरियादी हमराह नवआर. रवाना होकर के.बी.रोड निर्माणाधिन जैन मंदिर – मिल के सामने पहुंचे, जहां पर कुछ लोगो की भीड इक्कठी दिखी, जो हाथ मे डण्डे व फालिये लिये हुये थे। सूचीत स्थान पर जब डॉयल-100 वाहन पहुंचा तो आरोपी मुकाम पिता शंकर मौर्य और बहादुर पिता बापु ने डॉयल-100 वाहन के सामने एक नई मो0सा0 हीरो एचएफ डीलक्स बिना नम्बर की अडाकर डयूटीरत वाहन का रास्ता रोका पश्चात सभी आरोपीगणो नें एकमत होकर ड्युटीरत पुलिस आरक्षको के साथ मारपीट कर चोट पहुचाई एवं शासकिय डायल 100 वाहन पर फालिया व डंडे मार कर वाहन के काँच फोड दिये। आरोपीगणों के द्वारा अकारण ही पुलिस टीम पर हमला कर शासकीय कार्य मे बाधा व शासकीय वाहन को नुकसान करनें की घटना कारित की थी तथा उक्त घटना में आर0 राकेश एवं आर नरपत को चोंटें पहुंचाकर घायल किया था। तत समय घटना कोविड-19 के दौरान होनें से नानपुर क्षेत्रान्तर्गत आमजन में आरोपीगणों के विरूद्ध काफी जन आक्रोश व्याप्त हुआ था। नानपुर पुलिस के द्वारा उक्त घटना को बहुत ही गंभीरता एवं संवेदनशीलता से लेते हुये, उक्त घटना पर थाना नानपुर मे अपराध क्रमांक 91/19.04.2020, धारा 147, 148, 149, 188, 332, 333, 34, 341, 353, 427, सार्वजनिक संपत्ति नुकसान निवारण अधिनियम एवं धारा 25(2) आर्म्स एक्ट का पंजीबध्द कर नानपुर पुलिस टीम के द्वारा त्वरित कार्यवाही करते हुये 24 घण्टें के भीतर ही आरोपी 1. मुकाम पिता शंकर मोर्य उम्र 27 जो कि थाना नानपुर का लीस्टेड गुण्डा होकर पूर्व में भी मुकाम के द्वारा शासकीय कार्य मे बाधा डालते हुये पीएचसी नानपुर के डॉक्टर के साथ मारपीट की घटना कारित की थी 2. बहादुर पिता बापु उम्र 22 3. कमलेश पिता जैराम भीलाला उम्र 30 4. समरथ पिता भीमा मोर्य भीलाला उम्र 22 5. माधु पिता कतनसिह उम्र 30 6. रमेश पिता भीखला भीलाला मोर्य उम्र 22 सभी निवासी मोरी फलिया नानपुर को गिरफतार कर जेल भेजा गया। प्रकरण मे से0नि0 सउनि. नारायण लाल पाटीदार के द्वारा तत्का0 थाना प्रभारी नानपुर उनि मोहन डॉवर के पर्यवेक्षण में अनुसंधान पूर्ण कर चालान माननीय न्यायालय मे पेश किया गया था। उक्त प्रकरण मे दिनांक 21.04.2023 को माननीय न्यायालय अलीराजपुर द्वारा प्रकरण के सभी आरोपीगणो को 5 वर्ष के सश्रम कारावास तथा 500 – 1000 के अर्थदण्ड से दण्डित किया गया है। Post navigation ठेकेदार की ये कैसी मनमानी…स्वास्थ्य केंद्र निर्माण के लिए बगैर अनुमति तोड़ दी पेयजल टंकी भाई ने भाई की फालिया मारकर कर दी थी हत्या, आजीवन कैद की सजा