जितेंद्र वाणी, नानपुर अलीराजपुर जिले के नानपुर उप-स्वास्थ्य केंद्र में बन रहे नए भवन के निर्माण में भारी अनियमितताओं का आरोप सामने आया है। ग्रामीणों और स्थानीय जनप्रतिनिधियों का आरोप है कि करोड़ों रुपए की लागत से बन रहे इस भवन में ठेकेदार द्वारा घटिया सामग्री का इस्तेमाल किया जा रहा है। उनका कहना है कि इस काम में प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों की मिलीभगत है, जिसकी वजह से सरकारी खजाने को चूना लगाया जा रहा है। सामग्री की गुणवत्ता पर सवाल स्थानीय लोगों के अनुसार, निर्माण के दौरान कई स्तरों पर गुणवत्ता से समझौता किया गया है। भवन की नींव में गांव का कचरा पड़ा होने की बात सामने आई थी, जिस पर ‘सीबी लाइव’ ने खबर भी प्रकाशित की थी, लेकिन किसी भी जिम्मेदार अधिकारी ने ध्यान नहीं दिया। अब भवन के अंदर भी घटिया गुणवत्ता वाली टाइल्स और हल्के रंग का उपयोग किया जा रहा है। अधिकारियों की उदासीनता ग्रामीणों का आरोप है कि स्वास्थ्य विभाग के अधिकारी निर्माण की निगरानी के लिए कभी नहीं आते, जिससे ठेकेदार को मनमानी करने का मौका मिल रहा है। यह भी कहा गया है कि कागजों में तो काम सही दिखाया जा रहा है, लेकिन हकीकत में भवन की गुणवत्ता बेहद खराब है। एक जनप्रतिनिधि ने बताया कि हल्की बारिश में ही भवन से पानी टपकना शुरू हो गया है, जो इसकी खराब गुणवत्ता का सबूत है। ठेकेदार से संपर्क की कोशिश विफल यह भवन पीआईयू विभाग द्वारा बनाया जा रहा है। इस संबंध में ठेकेदार से जानकारी लेने का प्रयास किया गया, लेकिन उन्होंने फोन नहीं उठाया। ग्रामीणों और जनप्रतिनिधियों ने इस पूरे मामले की शिकायत जल्द ही जिला कलेक्टर से करने की बात कही है, ताकि इस अनियमितता पर रोक लगाई जा सके और सरकारी धन का सही इस्तेमाल हो सके। Post navigation नानपुर में भव्य तिरंगा यात्रा निकाली, कैबिनेट मंत्री नागर सिंह चौहान ने किया नेतृत्व नानपुर में पुलिस ने निकाली तिरंगा यात्रा, यात्रा ने विभिन्न मार्गों पर किया भ्रमण