वीरेंद्र बसेर, घुघरी सुदूर आदिवासी अंचल झाबुआ जिले के ग्राम घुघरी के शा. हाईस्कूल से 39 वर्ष की शासकीय सेवा से 31 जनवरी 2026 को सेवा निवृत हुए जगदीशचंद्र आचार्य के सेवानिवृति सम्मान समारोह में आज आदिवासी लोकसंस्कृति की झलक देखनें को मिली। ग्राम घुघरी से आए ग्रामीण वनवासी बंधुओं ने आचार्य का आदिवासी लोकसंस्कृति के अनुरूप (झूलड़ी गमछा व तीर-कमान भेंट कर) सम्मान किया l स्कूल की छात्राओं ने परंपरागत आदिवासी लोकनृत्य प्रस्तुत कर भाऊक मन से अपनें प्रिय शिक्षक को विदाई दी l गायत्री परिवार से जुड़े जगदीश आचार्य ने 39 वर्षो 01 माह तक आदिवासी अंचल में शिक्षा की अलख जगा कर कई छात्रों शिक्षा प्रदान की व सैकड़ो आदिवासी भाइयों को गायत्री परिवार से जोड़ कर नशे जैसी सामाजिक रूढ़ि से दूर किया । Post navigation स्वामी विवेकानंद द्वारा शिकागो अमेरिका में दिया गया भाषण व मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव द्वारा दिया गया संदेश सुनाया हेल्थ वेलनेस सेंटर घुघरी में कुष्ठ रोगी उपचार एवं जागरूकता शिविर संपन्न