झाबुआ। सरहद पर देश सेवा करते हुए शहीद होने वाला प्रत्येक सैनिक देशवासियों में राष्ट्रभक्ति की एक अनोखी अलख जगा जाता है ,जो समय-समय पर ज्वाला का रूप लेकर दुश्मनों को खाक में मिलाती रहती है। ऐसे ही भाव झाबुआ वासियों में उस समय दिखाई दिए जब नगर की राष्ट्रभक्त युवाओं की टोली द्वारा जिले के ग्राम तारखेड़ी के अमर सपूत राइफलमैन शहीद भगवानलाल मिंडकिया की स्मृति में स्थानीय ब्लॉक कॉलोनी मैदान पर तीन दिवसीय शहीद कबड्डी का आयोजन किया गया, जिसमें जय बजरंग क्लब कालीदेवी ने सभी दलों को पटखनी देते हुए विजय दर्ज की। 13 से 15 नवंबर तक आयोजित इस जोशपूर्ण स्पर्धा में जिले के 23 दलों ने अपनी उपस्थिति दर्ज कराते हुए राष्ट्रभक्ति व खेल भावना का बेहतरीन प्रदर्शन किया। आयोजकों ने आयोजन के प्रमुख उद्देश्य के बारे में बताते हुए कहा की क्षेत्रवासी जब भी विश्वमंगल धाम तारखेड़ी दर्शन हेतु जाए तो वहां निवासरत शहीद मिंडकिया के परिजनों से ना केवल मिले बल्कि उन्हें यथासंभव सहयोग प्रदान करते हुए यही भावना जिले व देश में रहने वाले शहीद सैनिकों के परिवारो के प्रति भी बनाए रखें। उक्त आयोजन के तहत ना केवल कबड्डी स्पर्धा ही हुई बल्कि भारत माता की आरती, साजरंग संस्था के बैनर तले आशीष पांडे एवं सदस्यों द्वारा देशभक्ति के तराने पर जोशपूर्ण समूह नृत्य की प्रस्तुति, शहीद भगवानलाल मिंड़किया के परिजनों और नगर निवासरत सैनिकों का सम्मान किया गया साथ ही तीन दिवसीय आयोजन के दौरान अखंड दीप जलाकर राष्ट्रभक्ति की अलख जगाए रखने का संदेश भी दिया गया। यहां भारत विरोधी गतिविधि, आतंक व घुसपैठ कर देश को क्षति पहुंचाने वाले चीन और पाकिस्तान के प्रति भी झाबुआ की देशभक्त जनता द्वारा विरोध दर्ज कराया गया। खेल मैदान पर कबड्डी के दो पालो में से एक में पाकिस्तान तो दूसरे पाले में चीन के राष्ट्रीय ध्वज की बड़ी रंगोली बनाकर कबड्डी खिलाडिय़ों द्वारा उसे पैरों तले रौंदकर विरोध दर्ज कराया गया। यह रंगोली नगर के कलाकार अंबरी भावसार व कार्यकर्ताओ द्वारा बनाई गई। स्पर्धा के दौरान 14 नवम्बर को गुरुनानक जयंती के उपलक्ष में समाजसेवी बलबीरसिंह सौहेल की मौजूदगी में सिख व सिंधी समाज द्वारा आयोजन स्थल पर श्री गुरु नानक देव की तस्वीर पर पुष्पांजलि अर्पित कर देशभक्ति का संदेश दिया गया। आयोजन से जुड़े रोचक तथ्य की जानकारी देते हुए आयोजको ने बताया कि क्रांतिकारियों के प्रेरणा स्त्रोत क्षेत्र के अमर शहीद चंद्रशेखर आजाद की जन्म तिथि और शहीद मिंड़किया की शहीद तिथि 23 जुलाई ही है और आयोजन में भी 23 दलो ने ही सहभागिता की। उन्होंने बताया यह आयोजन सरहद पर जिस तरह सैनिक दुश्मन पर आक्रमण करने जाता है तो या तो वह दुश्मन को मार कर आता है या खुद देश सेवा करते हुए शहीद हो जाता है इसी तर्ज पर आयोजित किया गया।खेल के दौरान उसे विरोधी दल के खिलाड़ी को या तो परास्त करना होता या फिर खुद ही खेल के बाहर होना पड़ता था। इस स्पर्धा के अंतिम दिन स्टार क्लब झाबुआ, वीर सावरकर क्लब झाबुआ , आजाद क्लब रोटला व जय बजरंग क्लब कालीदेवी के बीच अंतिम मुकाबले हुए। जिसमें जय बजरंग क्लब कालीदेवी विजेता, स्टार क्लब झाबुआ उप विजेता व आजाद क्लब तृतीय स्थान पर रहा।समापन समारोह के तहत अमर शहीद भगवानलाल मिंडकिया के जीवन पर बनाई गई लघुफिल्म का प्रदर्शन कर क्षेत्रवासियों में देशभक्ति का संदेश दिया गया। विजेताओं को शहीद के परिजनों द्वारा 5100, 2100 व 1100 रुपए की राशि भेंटकर पुरस्कृत किया गया। इससे पूर्व बड़ी संख्या में मौजूद देशभक्त खेल प्रेमियों ने भारत माता की आरती के साथ ही आयोजकों द्वारा शहीदों के परिजनों व सैनिकों का शाल श्रीफल भेंटकर, साफा बांधकर व पुष्प माला पहनाकर स्वागत व सम्मान किया गया। यहाँ शहीद के परिजनों को प्रतिक चिन्ह भेंट किया गया। इस स्पर्धा में शामिल सभी दलों से प्राप्त प्रवेश शुल्क की एकत्रित राशि आयोजकों द्वारा शहीद के परिजनों को भेंट की गई। इस आयोजन में अपनी निर्णायक व महत्वपूर्ण भूमिका निभाने वाले खेल प्रशिक्षक मनोज पाठक, नरेश पुरोहित, लालसिंह अजनार और समाजसेवी गोपाल नीमा का आयोजकों द्वारा सम्मानित किया गया। नगर के राष्ट्रभक्त युवाओ की टोली द्वारा आयोजित इस सफल आयोजन में नगर के सभी सामाजिक व राजनीतिक संगठनों ने बढ़चढक़र सहयोग प्रदान किया। Post navigation कन्सलटेन्ट सर्विस के लिए हर जिले को मिलेंगे एक करोड़ रुपए : चेतन्य कश्यप नगर परिषद में पार्षदों का सर्जिकल स्ट्राइक, 8 में से 6 मुद्दे हुए अस्वीकृत