संजय गांधी, बोरी मध्य प्रदेश के आलीराजपुर जिले का बोरी क्षेत्र एक बार फिर बेहद संवेदनशील और दिल दहला देने वाली वारदात से दहल उठा है। लगातार बढ़ती आपराधिक घटनाओं के कारण चर्चा में रहने वाले इस इलाके के एक ग्राम में बीती रात हथियारबंद बदमाशों ने क्रूरता की सारी हदें पार कर दीं। एक अकेली विधवा महिला के घर में घुसकर न सिर्फ लूटपाट की गई, बल्कि उसके साथ सामूहिक दुष्कर्म और अमानवीय बर्बरता को भी अंजाम दिया गया। मिली जानकारी के अनुसार घर में रहने वाली एक पीड़ित विधवा महिला के घर में बीती रात करीब 8 से 10 हथियारबंद बदमाश दरवाजा तोड़कर जबरन दाखिल हो गए। बदमाशों ने महिला को हथियारों के दम पर बंधक बना लिया और निर्वस्त्र कर दिया। बदमाशों का कहना था कि महिला ने घर में 8 किलो चांदी छुपाकर रखी है। महिला ने डर के मारे अपने पास रखी 1 किलो चांदी बदमाशों के हवाले कर दी, लेकिन बदमाश 8 किलो चांदी की मांग पर अड़े रहे। चांदी की तलाश में बदमाशों ने पूरे घर का सामान बिखेर दिया और घर के भीतर ही तीन से चार अलग-अलग जगहों पर खुदाई भी कर डाली। लूटपाट के बाद दरिंदगी और अमानवीय बर्बरता महिला के बयानों के अनुसार जब बदमाशों को मनमुताबिक चांदी नहीं मिली, तो उन्होंने हैवानियत शुरू कर दी। तीन बदमाशों ने महिला के साथ सामूहिक दुष्कर्म (गैंगरेप) किया। इतना ही नहीं, दरिंदों ने अमानवीयता की सारी हदें पार करते हुए पीड़िता के गुप्तांग में लकड़ी का डंडा डाल दिया, जिससे महिला गंभीर रूप से घायल हो गई। इस रोंगटे खड़े कर देने वाली वारदात के बाद इलाके में भारी आक्रोश और सनसनी फैल गई है। पीड़ित महिला को इलाज और मेडिकल परीक्षण के लिए भेजा गया है, वहीं पुलिस मामले की जांच और आरोपियों की तलाश का दावा कर रही है। सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल: जनता में भारी आक्रोश, जिम्मेदार मौन? इस खौफनाक वारदात ने स्थानीय पुलिस और कानून-व्यवस्था की पोल खोलकर रख दी है। गौर करने वाली बात यह है कि अभी कुछ ही दिन पहले बोरी क्षेत्र के नागरिकों ने थाना प्रभारी की निष्क्रियता और बढ़ते अपराधों के विरोध में पूरा बाजार बंद रखकर चक्का जाम किया था। स्थानीय लोगों का आरोप है कि बोरी थाना क्षेत्र में पिछले कुछ समय में 2 से 3 सनसनीखेज हत्याएं (मर्डर) हो चुकी हैं। दर्जनों चोरियां और खुलेआम पत्थरबाजी की घटनाएं सामने आई हैं। बीच बाजार से लड़की के अपहरण जैसी दुस्साहसिक वारदातें हो चुकी हैं। बड़ा सवाल: लगातार हो रही इतनी बड़ी वारदातों और जनता के भारी आक्रोश के बावजूद, आखिर जिला पुलिस अधीक्षक (SP) की क्या मजबूरी है कि वे बोरी थाना प्रभारी को हटाने या उन पर सख्त कार्रवाई नहींकर रहे। Post navigation बोरी मंडल में सादगी और हर्षोल्लास के साथ मनाई गई डॉ. श्यामाप्रसाद मुखर्जी की जयंती युवाओं का फूटा आक्रोश: बोरी थाना क्षेत्र में विधवा महिला से बर्बरता के खिलाफ ग्रामीणों का महाआक्रोश