दिनेश वर्मा झाबुआ – किसानों से आधुनिक तकनीक अपनाने, एग्री-स्टार्टअप शुरू करने और वैज्ञानिक खेती करने का आह्वान। – 5 हजार करोड़ रुपये की सिंचाई परियोजनाओं से 319 गांवों की 1.21 लाख हेक्टेयर भूमि होगी सिंचित। – प्रदेश की सिंचाई क्षमता 100 लाख हेक्टेयर तक बढ़ाने का लक्ष्य। – खेसिया मंडी को आदर्श मंडी और 50 एकड़ में आदर्श बीज उत्पादन केंद्र विकसित किया जाएगा। – मुख्यमंत्री ने कहा—प्रदेश में खाद और बीज की कोई कमी नहीं। – पीएम मित्रा पार्क से बड़वानी के कपास उत्पादक किसानों और युवाओं को मिलेगा बड़ा लाभ। – मेगा फूड प्रोसेसिंग क्लस्टर से बड़वानी के केले को वैश्विक बाजार और वैल्यू एडिशन मिलेगा। – भूमि अधिग्रहण पर किसानों को बाजार दर से 4 गुना अधिक मुआवजा मिलेगा। – 7 लाख से अधिक सोयाबीन किसानों को 1,475 करोड़ रुपये की सहायता राशि दी गई। सरसों और धान को भावांतर भुगतान योजना में शामिल किया गया। किसानों को 10 घंटे निर्बाध बिजली, भविष्य में 24 घंटे बिजली देने का लक्ष्य। डेयरी स्थापना पर 42 लाख रुपये तक ऋण और 33% सब्सिडी का प्रावधान। बड़वानी को शीघ्र रेल कनेक्टिविटी मिलने से व्यापार और विकास को मिलेगा नया आयाम। Post navigation सीएम डॉ. मोहन ने जो कहा वो किया, UCC विधेयक विधानसभा में पारित, जानें कितना आसान होगा जीना? बस स्टैंड के समीप दर्दनाक हादसा: राठौर समाज के अध्यक्ष रामचंद्र राठौड़ का बस की चपेट में आने से निधन