भूपेन्द्र बरमंडलिया, मेघनगर कोरोना काल को देखते हुए राज्य सरकार ने बड़े गणेश पांडाल पर रोक के साथ साथ बड़ी गणेश प्रतिमा न बनाने के दिशा निर्देश मूर्तिकारों को जारी किए थे। भगवन की भक्ति और शक्ति के बीच इन दिनों पूरे प्रदेश के साथ सबसे प्रथम पूज्नीय भगवान गणेश उत्सव की तैयारीयो में झाबुआ जिला भी जुटा है। इसी बीच झाबुआ भाजपा महिला मोर्चा की बहनों ने भाजपा जिला अध्यक्ष लक्ष्मण सिंह नायक के मार्गदर्शन, सूरज गुमान सिंह डामोर की संदर्शिका व भाजपा महिला मोर्चा जिलाध्यक्ष आरती भानपुरिया के नेतृत्व में पर्यावरण का संदेश देने के लिए मिट्टी के गणपति जिले भर तैयार करने का प्रशिक्षण अभियान चलाया हैं। मोर्चा की जिलाध्यक्ष आरती भानपुरिया में जानकारी देते हुए बताया कि मिट्टी के गणेश अभियान प्रशिक्षण की शुरुआत मंगलवार को मेघनगर विश्वकर्मा मंदिर,ग्राम खवासा में श्री भगत निवास स्थान एवं झाबुआ के राजवाड़ा गणेश मंदिर के साथ बुधवार को पेटलावद, रायपुरिया, राणापुर,पारा में भी महिलाओं को प्रशिक्षण दिया जा रहा है। गणेश प्रतिमा निर्माण के लिए बरगद, पीपल, नीम सहित कई तरह के बीजों का इस्तेमाल किया जा रहा है, ताकि उन्हें प्रतिमा के बीच में रखा जाए और जब गणेश विसर्जन किया जाए तो पौधा तैयार हाे सके। साथ ही फिटकरी के गणपति भी तैयार किए गए हैं, ताकि विसर्जित करने पर तालाब का पानी साफ रहे। भाजपा महिला मोर्चा की ओर से प्रशिक्षण देने के लिए माटी कला बोर्ड के एक सदश्य जो कि मिट्टी की मूर्ति बनाने में एक्सपर्ट है उनके द्वारा जिले भर की महिलाओं को प्रशिक्षण दिया जा रहा है खवासा में प्रशिक्षण के दौरान कई बहनों ने सुपारी एवं लच्छे के गणपति को भी शानदार आकार देकर साथी बहनो को प्रशिक्षित किया। पूरे अभियान और आयोजन के पीछे झाबुआ भाजपा महिला मोर्चा का लक्ष्य है कि वह हर शहर गांव में जाकर जिले भर की सो बहनों को प्रशिक्षण दें और 100 बहने 1000 बहनो को मिट्टी के गणेश जी बनाना सिखाएं ताकि घर-घर में हाथ से बने विघ्नहर्ता मंगलकर्ता भगवान गणेश को विराजित किया जाए। पर्यावरण सहेजने की दिशा में कार्य सूरज गुमान सिंह डामोर ने बताया कि पर्यावरण पर देना होगा ध्यानपर्यावरण संरक्षण का ध्यान रखना हम सभी का कर्तव्य है। इस बार घर में हाथ से बनाी बाप्पा की मूर्ति की स्थापना करना है। मूर्ति का विसर्जन भी घर में करना है। हमारे जिले में मिट्टी के गणपति बनाने में प्रशिक्षण में सभी महिलाएं जुटी हैं। यह देखकर बहुत अच्छा लग रहा है। आज भी हमारी परंपरा और रीति-रिवाज को ध्यान में रखा जा रहा है। मिट्टी के गणपति बनाते समय उसमें विभिन्न पौधों के बीज भी डाले हैं, ताकि उसमें से पौधा तैयार हो सके। पिछले कई सालों से मिट्टी के ही गणेश तैयार करते हैं। प्रशिक्षण के दौरान सूरज द्वारा सभी बहनों को सभी को संकल्प भी कराया जा रहा है कि,कभी भी प्लास्टर ऑफ पेरिस की मूर्ति नहीं बनाएंगे। इन महिलाओं ने प्रशिक्षण में लिया भाग मेघनगर विश्वकर्मा मंदिर पर मेघनगर जनपद अधयक्ष सुशीला भाभर, सरिता चौहान मोटवानी शर्मा,समाजसेविका रेशमा, योग्यता प्रजापत,सिंघल, टीना शर्मा सुनिता चौहान, टीना,तरुणा गुप्ता, सिद्धिविनायक गणेश मंडल की महिलाएं व नन्ही बालिकाओं ने भी शिरकत की।खवासा में भाजपा महिला मोर्चा मंडल अध्यक्ष मंजू पाटीदार,राधा बाई पाटीदार,ज्योति व्यास,दुलारी पटेल आदि महिलाओं ने प्रशिक्षण लिया। Post navigation जैन मंदिर को चोरों ने बनाया निशाना, रात्रि में धावा बोलकर मंदिर के दान-पात्र से चुराए एक लाख 25 हज़ार रुपये मेघनगर के लिए बुरी खबर, टेंपो स्टैंड पर रहने वाले दो व्यक्तियों में कोरोनावायरस की पुष्टि