नवनीत त्रिवेदी@ झाबुआ Live आग से खेलने वाले अक्सर जल जाया करते हैं, यह बात झाबुआ के एक बुजुर्ग पर बिल्कुल सटीक लागू होती है। एक अधजली बीड़ी की वजह से लगी आग ने बुजुर्ग की जान ले ली। रामदास कॉलोनी में रहने वाले 62 वर्षीय बुजुर्ग सेवला पिता सोमला डामोर की मौत तब हो गई, जब वह एक बीड़ी पूरी खत्म करने से पहले ही उसे बिस्तर के पास में फेंककर सो गए। इस हादसे के बारे जिस किसी ने भी सुना उसकी रूह कांप उठी। यह हादसा गुरुवार को हुआ जब डामोर ने रात में बीड़ी पीने का मन बनाया। बताया जा रहा है, बिस्तर पर लेटे-लेटे डामोर ने एक बीड़ी जलाई और कुछ कश मारे, लेकिन वह बीड़ी खत्म करने की हालत में नहीं थे। डामोर बीड़ी बुझाना या सही जगह फेंकना भूल गए। उसकी चिंगारी उनके बिस्तर में गिर गई, डामोर वयोवृद्ध होने के साथ ही लकवे से ग्रसित थे जिसके कारण चलने, बोलने एवं सुनने में असक्षम थे, इसलिए जब उनके बिस्तर में आग लगी तब वह किसी को बता भी नहीं पाए, आग जब बहुत अधिक फैल गई और धुआं उठने लगा तो पड़ोसियों ने जाकर घर में नीचे निवासरत उनके परिवार जनों को सूचना दी, उन्हें अस्पताल ले जाया गया लेकिन बहुत अधिक जलने से डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया। कोतवाली थाना प्रभारी सुरेंद्र सिंह गाडरिया ने बताया कि मर्ग कायम कर पोस्टमार्टम कर शव परिजन को सौंप दिया गया है, विवेचना की जा रही है। Post navigation ब्राउन शुगर की सप्लाई में पकड़े गए युवक के साथी को पुलिस ने धरदबोचा.. मोदी सरकार का मंत्रिमंडल विस्तार अंत्योदय की दिशा में बड़ा कदम: भगतसिंह कुशवाह