सिराज बगंडवाला, खरडूबड़ी
रामा ब्लॉक के अंतर्गत आने वाले गांव खरडूबडी में एमडीएम के गेहंू जो बालकों को वितरित करने के लिए आया गेहूं खराब निकल रहा है। करीब बीस कट्टे खराब निकलने से गांव के उमेश डामोर, अभाविप के जिला सहयोग कापसिंग भूरिया, पिन्टु डामोर, विक्रम टांक आदि लोगों ने सोसाइटी पर पहुंचकर इसकी शिकायत की है। गेहूं खराब व घटिया क्वॉलिटी का मिलने से खाद्यान्न अधिकारी के संज्ञान में यह मामला लाया गया। संकुल प्रभारी शंकर राठौर ने सोसाइटी सेल्समैन से पूछताछ की तो बताया गया कि हमने गेहूं एमडीएम में वितरित करने के लिए दिए थे, जब हमने समूह को वितरण किया गया था पंरतु हमने गेहूं को देखा नहीं है। यह सही है की अभी अभी जानकारी मिली है तब हमने गेहूं को देखने पर मालूम हुआ है करीब बीस कट्टे खराब गेहूं आ गया है जिसके बाद रामा ब्लाक के कनिष्ठ आपूर्ति अधिकारी शंकर परमार सोसाइटी पर पहुंचे जहां पर उन्होंने गेहूं की जांच की गई व खराब का गेहूं का पंचनामा बनाया गया। बताया गया है कि खराब गेहूं के बदले दूसरे गेहूं बदल दिया जाएगा। खरडुबडी में राजा सहायता समूह द्वारा चार छात्रों को गेहूं खराब दिया गया था जिसे बदल कर अच्छा गेहूं दिया गया है। इसी तरह मालफलिया में साईंबाबा समूह द्वारा बच्चों को 1 किलो गेहूं वितरण किया गया था। शासन का निर्देशानुसार बच्चों को खाद्यान्न घर घर जाकर कर वितरण करणा है। पंरतु ऐसा नहीं होता है और बच्चों को स्कूल पर बुलाया जा रहा है सोशल डिस्टेंस का पालन नहीं हो रहा है।
संकुल प्रभारी शंकर राठौर का कहना है कि हमने सभी स्कूलों में शिक्षकों को बताया है, प्रत्येक बच्चे को 2.800 गेहूं और चावल 500 ग्राम देना है अभी सभी स्कूलों में आवंटन 35 फीसदी आया है इस लिए समस्या आ रहीं हैं। जहां पर गेहूं खराब दिया गया है जिसको बदल कर अच्छा गेहंू दिया जाएगा। सीएससी सागर सिंह वसुनिया ने कहा कि हमने सभी स्कूलों में शिक्षकों को बताया गया है कि घर-घर जाकर वितरण करना है। अभी यह जानकारी मिली है के साईंबाबा समूह द्वारा बच्चों को 1 किलो गेहूं वितरण किया गया है, जो उन्हें बीस बच्चों के गेहूं आए थे जिसके बदले चालीस बच्चों को वितरण किया गया है इस लिए आगे गेहूं का आवतन आएगा तो बाकी गेहूं और चावल वितरण करवाया जाएगा। कनिष्ठ आपूर्ति अधिकारी शंकर परमार ने कहा कि मुझे सूचना मिली है मेरे द्वारा जांच करने पर सही पाया गया है कि करीब बीस कट्टे गेहूं एमडीएम के खराब है जिसका पंचनामा बनाया गया है मेरे द्वारा आला अधिकारी को सुचना पहुंचाई गई है। बात यह है कि समूह वाले को अच्छा गेहूं दिया जाएगा जो बच्चो को वितरण किया जाएगा। उमेश डामोर कहते हैं कि ग्रामीण बच्चों को खराब गेहूं वितरण किया गया है। समूह को बताने पर बताया कि सोसाइटी से आया है ऐसा गेहूं जो खराब है।
राजा सहायता समूह ने कहा कि गेहूं का खराब कट्टा भेजा गया था। सोसाइटी से आया था जो मैंने वितरण किया बाद में मैंने गेहूं को बदलाया गया है जो उनके बच्चों को अच्छे गेहूं वितरण कर दिया गया है।

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