जीवनलाल राठौड़, सारंगी
ग्राम पंचायत बाछीखेड़ा में 5 सितंबर से पंचायत के नवीन निर्माण को लेकर सरपंच की मनमानी के कारण चल रहे विवाद के कारण बाछीखेड़ा के नागरिक भूख हड़ताल पर बैठे है लेकिन आज दिनांक तक किसी भी प्रशासनिक अधिकारी ने अभी तक भूख हड़ताल पर उतरे ग्रामीणों के हाल-चाल जानने के लिए जेहमत तक नहीं उठाई। वहीं दूसरी ओर निर्माण कार्य चल रहा है। ग्राम पंचायत पर भूख हड़ताल कर रहे ग्रामीणों का कहना है कि पंचायत का निर्माण कार्य बाछीखेड़ा में करने के लिए दर्जनों आवेदन प्रशासनिक अधिकारियों को दिए गए लेकिन उनकी सुनवाई नहीं हुई जबकि अधिकारियों को जनता की सेवा के लिए प्रशासन ने तैनात किया है, लेकिन जिले में बैठे उच्चाधिकारी भी ग्रामीणों की सुनवाई नहीं कर रहे हैं और कान में तेल डाले बैठे हैं, जनता परेशान है इसलिए अब क्षेत्र के ग्रामीणों को अपनी छोटी से बात मनवाने के िलए भूख हड़ताल तक करनी पड़ रही है। ग्रामीणों का कहना है कि कार्य पेटलावद जनपद के सीईओ साहब की मिलीभगत से चल रहा है जिस से बाछीखेड़ा की जनता में ज्यादा आक्रोश है। इसी बात को लेकर आज सारंगी में बाछीखेड़ा गांव के सैकड़ों ग्रामीण जिला पंचायत उपाध्यक्ष चंद्रवीर सिंह राठौर से मुलाकात कर अपनी पीड़ा बताई। इस पर उपाध्यक्ष राठौर ने सीईओ घनघोरिया से चर्चा की तो बताया कि मैंने सरपंच को कार्य रुकवाने को कह दिया है और मेरी उपस्थिति में ग्रामसभा की बैठक में जाकर जो भी ग्रामसभा में निर्णय पारित किया जाकर वहीं पर पंचायत भवन का निर्माण किया जाएगा।

तबीयत बिगडी-
भूख हड़ताल पर बैठे ग्रामीणों मै से रामा पिता धन्ना मेडा एवं अम्बाराम पिता बिजल मेडा की हालत बिगड़ती जा रही है परन्तु कोई भी अधिकारी उनकी सुध नहीं ले रहे हैं। ग्रामीणों ने प्रशासनिक अधिकारियों को चेतावनी देते हुए कहा कि अगले 2 दिनों तक उनकी मांग नहीं मानी जाती है तो वे नेशनल हाईवे (बाछीखेड़ा फाट) पर चक्काजाम किया जाएगा जिसकी संपूर्ण जवाबदारी प्रशासनिक अधिकारियों की रहेगी।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *