अर्पित चोपड़ा @ खवासा जय आदिवासी युवा शक्ति (जयस) संगठन ने पूरे क्षेत्रभर में अत्यधिक तेज आवाज में चलाए जा रहे डीजे को लेकर आपत्ति दर्ज करवाते हुए आवेदन सौपा है। आवेदन जयस की खवासा इकाई ने स्थानीय चौकी प्रभारी रज्जन सिंह गणावा को दिया है। आवेदन में जयस ने बताया है कि पिछले कुछ समय से डीजे का उपयोग अत्यधिक बढ़ गया है। बहुत तेज आवाज में डीजे बजाए जाने के कारण विद्यार्थियों की पढ़ाई पर विपरीत असर पड़ रहा है और समाज शराब सेवन का आदी हो रहा है। डीजे के कारण मानसिक एवं शारिरिक बीमारियों का खतरा बढ़ रहा है। जयस के मनोहर बारिया ने बताया कि डीजे के उपयोग के चलते लोगों की आर्थिक स्थिति बिगड़ रही है साथ ही आदिवासी संस्कृति के परंपरागत वाद्य यंत्र ढोल, थाली, मांदल विलुप्त हो रहे है| साथ ही डीजे में अश्लील गानों के जबरदस्त उपयोग से महिलाओं के साथ छेड़छाड़ की घटनाओं में बढ़ोतरी हो रही है। डीजे की तेज आवाज में रात्रि में चोरी की घटनाओं का भय भी बना रहता है। बारिया ने बताया कि हमने जयस संगठन के माध्यम से चौकी प्रभारी को आवेदन सौप कर डीजे बन्द करवाने और डीजे मालिकों पर सख्त कार्यवाही करने की मांग की है। यदि 5 दिनों के भीतर कोई कार्यवाही नहीं होती है तो मजबूरन जयस संगठन को आंदोलन करना पड़ेगा। इस संबंध में खवासा चौकी प्रभारी रज्जन सिंह गणावा ने बताया कि आवेदन प्राप्त हुआ है, वरिष्ठ अधिकारियों से मार्गदर्शन प्राप्त कर निर्देश मिलने पर कार्यवाही की जाएगी। Post navigation ग्राम पंचायत के सरपंच-सचिव की तानाशाही से अनुसूचित जाति वर्ग के लोग परेशान शैक्षणिक भ्रमण दल को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया