लोहित झामर, मेघनगर पिछले दिनों डीआरआई की कार्रवाई से 168 करोड़ की 112 किलो मेफेड्रोन जब्त कर 4 लोगो को गिरफ्तार किया गया था पर इसके पीछे इस फैक्ट्री को स्थापित करने मे सहायक एक दलाल की भूमिका को अनदेखा नही किया जा सकता। अब सूत्रों के हवाले से ख़बर मिल रही है की केंद्रीय स्तर पर डायरेक्टरेट रेवेन्यु इंटेलिजेंस (डीआरआई) की टीम औद्योगिक क्षेत्र की इस फैक्ट्री जो वर्तमान मे मेघनगर फार्मा के नाम से संचालित बताई जा रही थी पूर्व मे किसकी थी या किसने इसको पूर्व मालिक से दूसरे पक्ष को विक्रय करवाने का मुख्य कार्य किया या यु कहे उसकी स्थापना से लेकर उस पर दबिश तक की जानकारी जुटाने का कार्य कर रही है मेघनगर के गली चौराहो पर मुख्य चर्चा का विषय यहाँ विषैले केमिकल इकाइयो को संचालित करने के एवज मे मोटी रकम वसूल कर नगरवासियो के जीवन को बदबूदार गैस और धुए मे झोंककर कई गंभीर बीमारियों से ग्रसित कर नर्क बनाने मे प्रमुख भूमिका इस उद्योगपति की है। अनुमान लगाया जा सकता है की जांच के बाद मेघनगरवासियो को इसका असली चेहरा सामने आयेगा जो अभी फिलहाल कुछ लोगो को जानकारी मे है ये शख्श नगर के क्लब मे समाजसेवी की भूमिका मे और ओद्योगिक क्षेत्र मे दूषित फैक्ट्रीयों का दलाल जैसी भूमिका मे है। प्राप्त जानकारी के अनुसार इसके नाम के बाद का हिंदी अनुवाद अकेला शब्द को सम्बोधित करता है इसके पूरे जीवनकाल के बारे मे अगले अंक मे प्रकाशित किया जायेगा। जब तक जांच एजेंसियो से भी इसके बारे मे पुख्ता जानकारी प्राप्त हो जायेगी। Post navigation युवती के साथ छेड़ छाड़ करने वाले मनचले का पुलिस ने निकला जुलुस मेघनगर क्षेत्र के रंभापुर और मदरानी में अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई हुई