झाबुआ जिले की विभिन्न स्वयं सहायता समूह से जुडी 1 लाख 20 हजार से अधिक महिलाऐ अब झाबुआ पुलिस के सामाजिक सरोकार के अभियान से जुड़ने जा रही है ओर यह महिलाऐं अब बालविवाह ; शराब ; दुर्घटनाओ को रोकने के पुलिस के मिशन मे सहायक बनते हुऐ गांवो ओर फलियों मे मोर्चा संभालेगी ..इसकी शुरुआत आज झाबुआ जिले के राणापुर से की गयी जिसमे जनपद पंचायत के सभाग्रह मे एसपी विनीत जैन ने सैकडो स्वंय सहायता समूहों से जुडी महिलाओ को संबोधित करते हुऐ कहां कि बालविवाह ओर अत्यधिक मात्रा मे शराब के सेवन से होने वाले दुष्परिणामो से पहले अपने घर ओर मोहल्ले को सचेत करे ओर फिर गांवो ओर रिश्तेदारो को भी समझाकर उन्हें इस मुहिम का हिस्सा बनाये .. एसपी जैन ने कहा कि जिले मे 18 साल से ऊपर की साढे तीन लाख से अधिक महिलाऐ है ओर यदि स्वयं सहायता समूह की 1 लाख 20 हजार यानी करीब 35 % महिलाओ ने अगर पुलिस की मदद करते हुऐ यह ठान लिया कि अपने गांवो ओर समाज मे बाल विवाह ओर शराब के अधिक मात्रा मे सेवन को बंद करना है तो वह दिन दूर नही जब झाबुआ जिले मे बाल विवाह बंद हो जायेगे ओर शराब की प्रवृति कमजोर होगी तो वाहन दुर्घटनाऐ भी रुकेगी। शराब पीकर वाहन लेकर जाये तो डायल 100 को सूचना दे एसपी ने सभा मे मौजूद महिलाओ का आव्हान किया कि अगर घर से पति या घर का कोई पुरुष शराब पीकर वाहन लेकर जाना चाहे तो पहले आप उसे रोके ओर अगर ना माने तो तुरंत डायल 100 को सूचना दे ताकी किसी अनहोनी से बचा जा सके । आजिविका मिशन -यूनिसेफ बने पुलिस के सहयोगी स्वयं सहायता समूह की महिलाओ के आज के आयोजन मे ग्रामीण आजीविका मिशन ओर यूनिसेफ पुलिस के सहयोगी बने .. आजीविका मिशन के विशाल राय ओर यूनिसेफ की ओर से जिमी निर्मल भी आयोजन मे मौजूद थे ओर स्वयं सहायता समूह की गतिविधियों पर प्रकाश डाला ..जिमी निर्मल ने आदिवासी भाषा मे सभा मे उपस्थित महिलाओ को बाल विवाह के दुष्परिणामो के बारे मे अवगत करवाया .. वही आदिवासी गीतों ओर नुक्कड नाटक के माध्यम से सभा के समक्ष बालिका शिक्षा की अनिवाय॔ता ओर बाल विवाह के नकारात्मक पहलुओं को दर्शाया गया । इस अवसर पर राणापुर टीआई कैलास चोहान ; अनिता तोमर ; आर मालवीय एंव सीईओ जनपद राणापुर मौजूद थे । ) Post navigation शेर-ए-आर्यभूमि पंडित कमल किशोरजी नागर के मुखारविंद से रतलाम में होने वाली श्रीमद्भागवत कथा को लेकर क्षेत्रवासियों में उत्साह तेंदुए जैसी शक्ल वाले जानवर ने किया तीन बकरियों और तीन मुर्गो का शिकार, ग्रामीणों में दहशत