शान ठाकुर, पेटलावद
प्रतिवर्ष की परंपरा के अनुसार इस वर्ष भी पेटलावद में क्षत्रिय सिर्वी समाज द्वारा भादवी बीज के पावन अवसर पर श्री आई माता का प्रकट उत्सव बड़े ही उत्साह, श्रद्धा और धूमधाम के साथ मनाया गया। आयोजन में बड़ी संख्या में समाजजन शामिल हुए और धार्मिक आस्था के साथ अपनी वर्षों पुरानी परंपरा का निर्वहन किया। भादवी बीज के अवसर पर पेटलावद में क्षत्रिय सिर्वी समाज के लोगों का एकत्रित होना लंबे समय से चली आ रही परंपरा का हिस्सा है। इस अवसर पर समाजजन एकजुट होकर आई माताजी की आराधना करते हैं तथा धार्मिक एवं सामाजिक आयोजन के माध्यम से अपनी संस्कृति और परंपराओं को जीवंत रखते हैं।
*आई माता मंदिर में उमड़ी श्रद्धालुओं की भीड़ -*
पेटलावद में श्री आई माता का प्राचीन मंदिर स्थित है, जहां समाज सहित नगर के अनेक श्रद्धालुओं की गहरी आस्था जुड़ी हुई है। भादवी बीज के अवसर पर मंदिर परिसर में विशेष धार्मिक वातावरण देखने को मिला। सुबह से ही श्रद्धालुओं के पहुंचने का सिलसिला शुरू हो गया था। समाजजनों ने आई माताजी के दर्शन कर सुख-समृद्धि एवं परिवार की खुशहाली की कामना की।

*आकर्षक झांकी रही आकर्षण का केंद्र -*
आयोजन के दौरान आई माताजी की आकर्षक झांकी सजाई गई, जिसने सभी का ध्यान आकर्षित किया। झांकी को विशेष रूप से सजाया गया था और शोभायात्रा के दौरान श्रद्धालुओं ने बड़ी श्रद्धा के साथ आई माताजी के दर्शन किए।
इस अवसर पर समाज के महिला, पुरुष एवं युवा बड़ी संख्या में शामिल हुए। समाजजन पारंपरिक वेशभूषा में नजर आए, जिससे पूरे आयोजन में समाज की संस्कृति और परंपरा की सुंदर झलक देखने को मिली।
