गुरुभक्ति का अनूठा संगम : पेटलावद में 22 मई से शुरू होगा श्री जी पादुका स्पर्श महोत्सव, गूंजेगा अखंड संकीर्तन
शान ठाकुर, पेटलावद
“गुरु बिन ज्ञान न उपजे, गुरु बिन मिले न मोक्ष।”* इसी पावन संदेश और अटूट श्रद्धा के साथ पेटलावद नगर एक बार फिर आध्यात्मिक रंग में रंगने के लिए पूरी तरह तैयार है। स्थानीय श्री सरस्वती नंदन स्वामी भजनाश्रम पर आगामी 22 मई को देशभर से गुरुभक्तों का पावन आगमन होने जा रहा है। इसके अगले दिन, 23 मई शनिवार को अरुणोदय बेला (भोर के समय) से दिव्य अखंड संकीर्तन का मंगल शुभारंभ होगा।
अधिक मास और 16वें वर्ष का अद्भुत संयोग
इस वर्ष का यह आयोजन बेहद खास और ऐतिहासिक है। श्री जी पादुका स्पर्श महोत्सव एवं अखंड कीर्तन का यह लगातार 16वां वर्ष है। सबसे विशेष बात यह है कि इस बार ‘अधिक मास’ (पुरुषोत्तम मास) का पावन संयोग मिलने के कारण भक्तों में दोगुना उत्साह और हर्ष देखा जा रहा है। आश्रम समिति द्वारा आयोजन से जुड़ी समस्त तैयारियां पूर्ण कर ली गई हैं।
गुरुभक्तों के स्वागत के लिए गुजरात के बड़ौदा से लेकर बामनिया और पेटलावद नगर के नीलकंठेश्वर महादेव मंदिर व गुरुद्वारा मंदिर तक भव्य तैयारियां की गई हैं। भक्तों का विशाल दल गुजरात के बड़ौदा से ट्रेन द्वारा बामनिया स्टेशन पहुंचेगा।
