पीयूष चन्देल, अलीराजपुर राष्ट्रीय एवं मप्र युवक कांग्रेस के आहवान पर जिला कांग्रेस एवं युवा कांग्रेस के नेतृत्व में केंद्र की मोदी सरकार की किसान विरोधी नीतियों, किसान विरोधी काले कानूनों तथा मोजुदा संसद सत्र स्थगित कर किसानो की आवाज दबाने के मामले को लेकर बुधवार देर रात्री को मशाल आक्रोश रैली निकालकर प्रदर्षन कर विरोध दर्ज कराया। इस दौरान युवा कांग्रेसी हाथो मे मशाल और कैंडिल जलाकर तथा कृषि कानून विरोधी पट्टिका साथ लेकर केंद्र की मोदी सरकार के खिलाफ जमकर नारैबाजी की। इस अवसर पर क्षैत्रिय विधायक मुकेश पटेल, जिला कांग्रेस कार्यवाहक अध्यक्ष ओमप्रकाश राठौर, प्रदेश कांग्रेस सचिव जहिर मुगल, युवा कांग्रेस जिलाध्यक्ष शंकरसिंह बामनिया सहित कांग्रेसी नेता एवं कार्यकर्ता उपस्थित थे। केंद्र की सरकार किसान विरोधी सरकार इसके पुर्व कांग्रेसी नेता एवं कार्यकर्ता स्थानिय दाहोद नाका स्थित टंटया मामा स्मारक चैराहे पर एकत्रित हुए। नेताओ ने शहिद टंटया मामा की प्रतिमा पर माल्यार्पण कर मशाल आक्रोश रैली का आगाज किया। जिसमे कांग्रेसी नेता एवं कार्यकर्ता हाथो मे मशाल एवं कैंडिल जलाकर तथा किसान विरोधी पट्टिका लेकर नगर के प्रमुख मार्गो से नारैबाजी करते हुए निकले। युवा कार्यकर्ता केंद्र की मोदी सरकार कि जनविरोधी एवं किसान विरोधी नितियो के खिलाफ जमकर नारैबाजी करते हुए चल रहै थे। रैली बस स्टेण्ड स्थित पुर्व प्रधानमंत्री स्व. इंदिरा गांधी स्मारक पर पहुंची। जहां पर एक सभा को संबोधित करते हुए विधायक मुकेश पटेल ने कहा कि केंद्र की मोदी सरकार आमजनता एवं किसान विरोधी सरकार है। जिस तरह केंद्र सरकार ने शीतकालीन सत्र निरस्त किया है, वो लोकतंत्र की हत्या है। सरकार कृषि कानूनों को लेकर सवालों से बचना चाहती है। सरकार में जिस तरह यह कानून पास करवाया है, वो असंवैधानिक है। देश के लोकतंत्र में बड़ा आघात है। उन्होने कहा कि यह सरकार किसान एवं आम जनमानस की नहीं, उद्योगपतियों के हाथों की कठपुतली है। कार्यवाहक अध्यक्ष श्री राठौर ने कहा कि मोदी सरकार के नए कृषि को किसान विरोधी बताते हुए केंद्र सरकार की जमकर आलोचना की। उन्होने शीघ्र उक्त कानून को वापस लेने की मांग की। युवक जिलाध्यक्ष श्री बामनियां ने कहा कि केंद्र सरकार का कृषि कानुन काला कानुन होकर किसान विरोधी है। सरकार को देष के अन्नदाता किसानो की समस्याओ को देखते हुए तत्काल बिल वापस लेना चाहिए। किसान विरोधी काला कानून बिल वापस नही लिया गया तो युवा कांग्रेस चक्काजाम करेगी। ये रहै उपस्थित मशाल आक्रोश रैली मे कांग्रेसी नेता राजेन्द्र टवली, खुर्षीद अली दिवान, युवा नेता पुष्पराज पटेल, दिलीप पटेल, सोनु वर्मा, तरुण मंडलोई, कमलेश भिंडे, महेश बामनिया, जितु देवडा, ईरफान मंसूरी संजय रावत, मनीष चौहान, सलमान मकरानी, सिंटु सेन, रवि डावर, बबलू मसानिया, निर्भयसिंह आदि मोजुद थे। Post navigation प्रधानमंत्री व प्रदेश मुख्यमंत्री के नेतृत्व में भाजपा सरकार द्वारा विकास की गंगा बहाई जा रही है : सुरेश आर्य सकल व्यापारी संघ ने लोगों को कोविड 19 व स्वच्छता के प्रति जागरुक करने के लिए निकाली रैली