अलीराजपुर लाइव के लिए नानपुर से जितेंद्र वाणी राज की रिपोर्ट- नानपुर जिले की सबसे बड़ी ग्राम पंचायत आज-कल सोयाबीन की कटाई के लिए आसपास के गांव के ग्रामीण कुछ दिनों के लिए जाते है और बताया जाता है कि सोयाबीन कटाई के लिए मजदूरों 300 से 400 रुपए एक दिन की मजदूरी देते है। वहीं फिलहाल खेती में भी अधिक काम नहीं रहता है जिससे पूरे परिवार के साथ ही मजदूरी के लिए निकल जाते है। इसके विपरीत जहरीले जानवर काटने से मौत भी हो जाती है। गांव के ग्रामीणों के जाने से गांव में व्यापार पर प्रभाव जरूर पड़ जाता है लेकिन इस तरह से जान जोखिम में डाल कर ठूंस-ठूंस कर ले जाना जि मेदारों की आदत सी बन गई है। यातायात नियमों को मजाक बनता है। नवरात्रि व दशहरे पर आने के व्यापार होने बाजारों की रौनक बढ़ जाती है। Post navigation क्षेत्र के विकास में कोई कमी नहीं आने देगी कांग्रेस : डॉ.विक्रांत भूरिया दो माह से बंद पड़ी है स्ट्रीट लाइट, शिकायतों के बावजूद भी नहीं हुई चालू