जितेन्द्र वाणी, नानपुर अलीराजपुर जिले के नानपुर इन दिनों मौसमी बीमारियों का प्रकोप स्वास्थ्य विभाग की सबसे बड़ी चिंता का कारण बना हुआ है। पेट दर्द, बुखार, पीलिया, मलेरिया, फेल्सीफेरम के सैकड़ों मामलों के अलावा अपुष्ट डेंगू के भी मामले सामने आ चुके हैं। डॉक्टरों का भी कहना है कि डेंगू का समय पर इलाज जरूरी है। साधारण बुखार भी डेंगू हो सकता है। इसी कारण डॉक्टर इस मौसम में सावधानियां बरतने की सलाह दे रहे हैं। खासकर साफ-सफाई का विशेष ध्यान रखने की बात कही जा रही है। ऐसे में नानपुर के ऐसे क्षेत्रों के लोग सबसे ज्यादा चिंता कर रहे हैं, जिनके घरों के आप पास गंदगी का अंबार और वर्षो से जमा दूषित पानी भरा हुआ है। ऐसे स्थान डेंगू के लार्वा के लिए अनुकूलित भी माने जाते हैं। इस दिशा में ठोस प्रयास किए जाने की दरकार है। अब तक कहीं मामले जानकारों के मुताबिक डेंगू जैसी गंभीर बीमारी ने नगर जोबट व जिले में दस्तक दे दी है। तो कहीं लोग नगर से सटे गुजरात सीमाओं के हॉस्पिटलो में उपचार कराने को जाते दिखाई दे रहे है । इनमें निवासी एक युवती की मौत भी हो चुकी है। विभाग का पूरा महकमा इन बीमारियों की रोकथाम में जरा भी कसर बाकी नहीं रखना चाहता। लेकिन ग्राम पंचायत इस मामले में फेल नजर आ रही है। यहीं कारण है कि डेंगू पॉजीटिव मरीजों का ग्राफ बढ़ रहा है। अधिक तबियत बिगडऩे पर लोग बाहर इलाज कराने भी जा रहे हैं। Post navigation छुटभैये नेता भाजपा की छवि धूमिल करने में जुटे, पंचायत की दुकानों को लेकर की गईं बंदरबांट उजागर आलीराजपुर जिले के नानपुर में रेत से भरा ट्रेक्टर पलटने से दो भाइयों की दर्दनाक मौत