पीयूष चन्देल, अलीराजपुर नगर पालिका के कर्मचारी जितेंद्र डोडवे का कल कोविड -19 अंतर्गत ड्यूटी के दौरान ह्रदयघात से असामयिक निधन हो गया था। उनके निधन पर गहरा शोक व्यक्त करते हुए फतेह क्लब मैदान से जुड़े योग साधकों एवं मॉर्निंग वॉक के सदस्यों ने रविवार की सुबह शोकसभा आयोजित कर उन्हें भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित की।ग्रुप के सदस्यों ने गायत्री परिवार के सदस्य एवं शिक्षक संतोष वर्मा द्वारा उच्चारित किये गए वैदिक मंत्रोच्चार के साथ उन्हें पुष्पांजलि अर्पित की एवं मौन धारण रखा। शोक सभा को संबोधित करते हुए शिक्षक वर्मा ने दिवंगत डोडवे को एक कर्मठ जुझारू और सेवाभावी कर्मचारी निरूपित किया। प्राचार्य गिरधर ठाकरे ने कहा कि डोडवे की कोरोना काल के साथ समय समय पर दी गई सराहनीय ओर त्वरित सेवाओं को आलीराजपुर नगर लंबे समय तक याद रखेगा। योग साधक स्वरूप क्षीरसागर ने कहा कि डोडवे सरल स्वभाव और मृदुभाषी व्यवहार के धनी व्यक्ति थे।नियमित मॉर्निंग वॉक और व्यायाम करना उनकी दिनचर्या में शामिल था। राजेंद्र राठौर गुड्डू ने कहा कि नगरपालिका के शासकीय दायित्व के निर्वहन के साथ-साथ डोडवे ने खेलकूद क्षेत्र एवं कोराना काल में अपनी अमूल्य सेवाएं दी है। उमेश वर्मा ने बताया कि डोडवे नगरवासियों की सेवाओं के लिए दिन रात तत्पर रहते थे। केशवनगर कालोनी के अध्यक्ष जयंतीलाल राठौड़ ने बोला कि डोडवे की सराहनीय सेवाएं ओर उनका व्यवहार नगरवासियों के मन लंबे समय तक रचा बसा रहेगा। शोक सभा को अमरीश नगवाड़िया, भुरू परिहार, जिग्नेश सिसोदिया एडवोकेट श्रीकांत बाहेती, सर्वेश सिसोदिया,अनिल डोडवे, इंजीनियर आर.राठौड़, भेटु भाई, पंकज शिंदे, अनीस बोहरा, राजू सेन, महेश तोमर, पिंकू वर्मा आदि ने भी सम्बोधित करते हुए उनके व्यक्तिव ओर कृत्तित्वो पर प्रकाश डाला। उपस्थित सभी सदस्यों ने एक स्वर में शासन प्रशासन से मांग की है, कि मृतक डोडवे को कोरोना योद्धा मानते हुए उनके गरीब परिवार को 50 लाख की आर्थिक सहायता एवं परिवार के एक सदस्य को अनुकम्पा नियुक्ति प्रदान की जाए। Post navigation क्रांतिकारियों के गातो व मूर्तियों पर आदिवासी समाज ने किया माल्यार्पण विश्व आदिवासी दिवस पर दिखा covid-19 का असर; युवाओं ने अपने घर व खेत मेड पर अपने पूर्वजों व महान क्रांतिकारियों को किया याद