हरीश राठौड़, पेटलावद नर्मदा का पानी पेटलावद अंचल में लाने की महत्ती योजना के भूमिपूजन के लिये मुख्यमंत्री की घोषणा का कांग्रेस और किसान नेताओ द्वारा विरोध यह कहकर किया जा रहा है की जब पेटलावद की प्रमुख जीवनदायिनी माही परियोजना का पानी आसपास के ग्रामो में नही मिल सका है तो नर्मदा का पानी लाने के लिये करोड़ो रूपये व्यर्थ खर्च किये जायेंगे।कोई भी नई योजना शुरू करने के पूर्व इस माही परियोजना में ही वंचित इलाको में पहले पानी देने की योजना बनाई जाए।जिला पंचायत सदस्य श्रीमती कलावती गेहलोत ने इस मामले में ज्ञापन तहसीलदार पेटलावद को सौपा। जिसमे बताया गया है कि पेटलावद अंचल का किसान त्रस्त है। अफलन और बरसात कम होने के कारण सोयाबीन ओर मक्का पूरी तरह से बर्बाद हो चुकी है। जिसका मुआवजा दिया जाये। कई ग्राम माही के पानी से वंचित है करोड़ो खर्च कर पेटलावद क्षेत्र में माही परियोजना का निर्माण किया गया है। लेकिन इतने वर्षों के बाद भी आसपास के ही देवली, बेकल्दा, भिलकोटडा, पांचपीपला,कालीघाटी, पीठड़ी आदि ग्राम पंचायतों के सेकड़ो किसानों को इस योजना में एक बूंद भी पानी नसीब नही हुआ है।गेहलोत ने बताया कि जब माही नहर आसपास से गुजर रही है तो पहले इन किसानों की परेशानी दूर की जाए। क्योकि कुंआ पास होने के बाद भी प्यासे बैठे है किसान । Post navigation विश्व मंगल धाम तारखेड़ी की टीम ने मटकी फोड़ स्पर्धा में जीते 31000 रुपए मुख्यमंत्री शिवराजसिंह चौहान को कांग्रेस काले झंडे दिखाकर करेगी विरोध