अशोक बलसोरा, झाबुआ झाबुआ जिले के पारा कस्बे में राष्ट्रीय मानवाधिकार एवं महिला बाल विकास आयोग की टीम ने पर्यावरण संरक्षण के तहत पौधारोपण अभियान शुरू किया। इस अभियान का शुभारंभ श्री कालिका माता मंदिर प्रांगण में 1008 पौधे लगाने के संकल्प के साथ हुआ, जहां पहले दिन 108 पौधे लगाए गए। कार्यक्रम की शुरुआत माता जी के मंदिर में पूजा अर्चना और माल्यार्पण से हुई। इस अवसर पर आयोग की टीम, व्यापारिक संघ, और समिति के सदस्य उपस्थित रहे। कार्यक्रम में डॉ. एमएल फुलपगरे, डॉ. पीडी रायपुरिया, बापू सिंह कटारा, नितिन राठौड़, प्रदीप पांडया, नाथू लाल पाटीदार, अंकित चौहान, मोहनलाल पाटीदार, सतीश अजनार एवं महिला इकाई की अनु भाबर, गौरी कटरा आदि ने संबोधित किया और पर्यावरण की महत्वता पर प्रकाश डाला। अभियान के तहत पौधों को बच्चों की तरह पालने और बड़े पेड़ बनाने का संकल्प लिया गया। आयोग की ओर से अनु भाबर, गौरी कटारा आशा अमलियार और एमएल फुल पगारे बापुसिह्ल कटारा अशोक बलसोरा ने लघु नाटक के माध्यम से आयोग के कार्यों को प्रदर्शित किया। कार्यक्रम में डॉ. एमएल फुलपगरे, मोहनलाल पाटीदार, पीडी रायपुरिया, प्रदीप पांडया, बापू सिंह कटारा, नाथूलाल पाटीदार, रेखा भूरिया, अनु भाबर, गौरी कटरा, साधना सोनी, शकुंतला राठौर, आशा अमलियार, नितिन राठौड़, सौरव कोठारी, सतीश अजनार, राकेश राठौड़, अंकित चौहान, कान्हा प्रजापत, हेमेंद्र प्रजापत, जितेंद्र प्रजापत, शरद खाटवा, कुलदीप राठौर, सेकु रावत, सुरेश पचाया, रिंकू गहलोत, जितेंद्र गहलोत आदि उपस्थित थे। डॉ. फुलपगरे ने बताया कि पर्यावरण संरक्षण अभियान के तहत कई स्थानों पर वृक्षारोपण किया जा चुका है और आगे भी यह अभियान जारी रहेगा। इसके अलावा, आयोग जिले में साक्षरता बढ़ाने और नशा मुक्ति के लिए भी सक्रिय भूमिका निभाएगा। Post navigation शहर के इस युवक ने फांसी के फंदे पर झूलकर जीवन लीला स्माप्त की, कारण अज्ञात रतलाम-झाबुआ और बड़नगर-थांदला के बीच बनेगी सड़क, पढ़िए कितनी है लागत और कब खुलेंगे टेंडर