राजेंद्र शर्मा, दाहोद ब्यूरो चीफ सीमेंट कांक्रीट के जंगलों के बीच पर्यावरण की रक्षा करने हेतु कुछ ना कुछ नया कर दाहोद में पर्यावरण की सुरक्षा में अग्रसर रख भगीरथी कार्य करने वाली संस्था प्राकृतिक मित्र मंडल तथा उनकी टीम ने मूर्ति बनाने में कुशल कारीगरों के साथ मिलकर खास प्रकार की लाल मिट्टी से निर्मित गणेशजी की मूर्ति बनाने की एक पांच दिवसीय शिविर का आयोजन किया गया है जिसमें 500 से भी ज्यादा दाहोद वासियों ने बढ़-चढ़ कर हिस्सा लेकर पर्यावरण को बचाने में अपना योगदान प्रदान किया। जलचर प्राणियों व पर्यावरण की रक्षा करने में हमेशा अपना विशेष योगदान देने वाली संस्था प्रकृति मित्र मंडल ने 7 सितंबर से 11 सितंबर तक इको फ्रेंडली गणपति की मूर्ति बनाने के पांच दिवसीय शिविर का आयोजन किया है जिसमें प्रकृति मित्र मंडल द्वारा जयंतीभाई अतिया, विराग राजहंस, रोहितभाई अत्री, मुदिता मेहता, खुशबू मुरारिया तथा मुंबई वडोदरा, सूरत, अहमदाबाद तथा जयपुर से आए मूर्ति बनाने वाले कुशल कारीगरों द्वारा दाहोद शहर के 500 से ज्यादा नागरिकों को मोरबी से खासतौर पर मंगाई गई। लाल मिट्टी द्वारा गणेश जी की मूर्ति बनाने के लिए सिखाने आए थे जो चंद मिनटों में ही कुशल कारीगरों के नेतृत्व में दाहोद वासियों ने सुंदर प्रतिमा का निर्माण कार्य करने पर वहां उपस्थित सभी लोग आश्चर्यचकित हो गए। Post navigation पेट्रोलिंग कर रही पुलिस वैन को ट्रक ने मारी टक्कर, दो पुलिसकर्मी हुए गंभीर घायल पेट्रोल-डीजल, सिलेंडर के बढ़ते दामों के बाद नगर बंद करने निकले कांग्रेसियों को पुलिस के गई अपने साथ, और खुल गए बाजार