झाबुआ लाइव डेस्क। जाति विवाद के मामले में प्रदेश स्तरीय छानबीन समिति द्वारा थांदला नगर परिषद की अध्यक्ष सुनीता पूनमचंद वसावा के आदिवासी न होने संबंधी रिपोर्ट सौंपे जाने के बाद उस पर होने वाली संभावित कार्रवाई को लेकर हाई-कोर्ट की इंदौर बैंच ने अंतरिम राहत देते हुए सुनीता वसावा के पक्ष में स्टे दे दिया है। मामले की सुनवाई करते हुए जस्टिस एससी शर्मा ने कहा कि प्रथम दृष्टया अंतरिम देते हुए सुनीता वसावा को प्रकरण में अगली सुनवाई तक के लिए स्थगन दिया जाता है। अब यह अगली सुनवाई पर तय होगा कि स्थगन जारी रहता है या न्यायालय कोई निर्णय होता है। आज जिला भाजपा अध्यक्ष दौलत भावसार ने झाबुआ में अधिकृत प्रेस कॉन्फ्रेंस कर सुनीता वसावा को मिले स्थगन की जानकारी एवं स्थगन की प्रति जारी की। यह जारी करते हुए भाजपा जिलाध्यक्ष दौलत भावसार ने कहा कि कांग्रेस को इस फैसले ने आइना दिखा दिया है। Post navigation देर रात तक ठहाकों से गूंजता रहा राजबाड़ा चौक निजी भूमि पर लाश दफनाने से नाराज हुए ग्रामीण, पहुंचे पुलिस के पास