जितेन्द्र वाणी, नानपुर जिले की सबसे बड़ी ग्राम पंचायत में विगत दो माह से गांव की स्ट्रीट लाइन बंद पड़ी हुई है जिससे ग्रामवासी अंधेरे में रहने को मजबूर हैं। वहीं ग्राम की स्ट्रीट लाइटें बंद होने से चोरियों का अंदेशा भी बना रहता है। ग्रामीणों को भय है कि इस तरह ग्राम पंचायत के जिम्मेदारों ने ध्यान नहीं दिया कोई बड़ी चोरी की वारदात घट सकती है। इसी के साथ गांव में सफाई कर्मी अपनी मांगों को लेकर हड़ताल पर हैं, जिसके कारण हर जगह कूड़ा-कचरा नजर आ रहा है। वहीं सफाई कर्मियों का कहना है कि ग्राम पंचायत उनसे काम तो दिनभर लेती है लेकिन पारिश्रमिक के तौर पर दी जाने वाली सैलरी समय पर भुगतान नहीं करती है जिससे परिवार का पालन-पोषण दूभर हो रहा है और वे मानसिक तौर पर परेशान है। ऐसे में ग्राम पंचायत के जिम्मेदार चुप्पी साधे हुए हैं। यह बड़ा सवाल है वहीं विपक्ष अभी इस गंभीर मुद्दे को लेकर आम जनता के बीच नहीं आ रहा है आने वाले पंचायत चुनाव में दोनों ही पार्टी के नेता कई लुभावने वादे करेंगे और आम जनता को फिर से विकास की गाथा बताएंगे। लेकिन इस गंभीर समस्या को लेकर क्यों नहीं आ रहे हैं आम जनता के बीच जबकि नगर में जहां वहां कचरो का ढेर लगा हुआ है कोरोनो महामारी से ग्राम के बहुत से ग्रामीण इंदौर में ईलाज करवा रहे है । जिम्मेदार बोल- सरपंच सावन सिंह मारू- हम हमेशा की तरह हर माह सफाई कर्मचारियों को तनख्वाह देते हैं, पर कुछ सफाई कर्मचारियों के कारण साफ सफाई नही हो रही है आज या कल इनकी मांग पूरी कर देंगे। स्ट्रीट लाईन बन्द पड़ी है उसे भी जल्द चालू करवाएंगे। Post navigation पेट्रोल-डीजल, रसोई गैस की मूल्यवृद्धि एवं कृषि कानून के विरोध में कांग्रेस का धरना-प्रदर्शन, केंद्र एवं राज्य की भाजपा सरकार किसान एवं जनविरोधी है – जिकां अध्यक्ष पटेल 11000 किलोमीटर पूर्ण कर राष्ट्रीय संत 1008 नर्मदानंद बापजी की राष्ट्रधर्म विजय पदयात्रा का हुआ भव्य स्वागत