झाबुआ। नंदलाल बैरागी का 92 वर्ष की आयु में अपने निवास स्थान गोपाल कॉलोनी में सोमवार को दोपहर 1 बजे निधन हो गया। वे पिछले कुछ समय से बीमार चल रहे थे। उनकी अंतिम यात्रा उनके निवास स्थान से शाम साढ़े 4 बजे निकाली गई।नंदलाल बैरागी जिले से पहले शिक्षक के रूप में वर्ष 1966-67 में तत्कालीन राष्ट्रपति सर्व पल्ली राधाकृष्णन से राष्ट्रपति पुरस्कार प्राप्त किया था एवं पाठ्य पुस्तक निगम के लिए जिले का भूगोल लिखा। स्व. बैरागी ने स्वास्थ्य के क्षेत्र में भी उल्लेखनीय कार्य किया। गोपाल सेवा समिति के गठन में भी उनकी भूमिका सराहनीय रहीं। साहित्य के क्षेत्र में भी कई पुस्तके लिखी तथा साथ ही कई पुस्तकों का संपादन एवं संकलन भी किया, जसमें संवेदना, क्रांतिदूत आजाद, ऋषिकुल, पुष्पांजलि, वनांचली, ऋषिकुल सानिध्य, सदगुरु पत्र पियुष एवं भूगोल मुख्य पुस्तके एवं काव्य संग्रह है। वर्र्ष 2011 को उन्हें आजाद रत्न सम्मान से भी सम्मानित किया गया था। साक्षरता के अंतर्गत संपूर्ण साक्षरता अभियान, राजेन्द्र आश्रम, राजीव गांधी शिक्षा मिशन, मीना अभियान में भी सराहनीय कार्य किया। राजेन्द्र आश्रम द्वारा संचालित महिला एवं बाल विकास परियोजना के माध्यम से टीकाकरण एवं बाल कुपोषण, महिला मृत्यु दर, मातृ मृत्य दर, शिशु मृत्यु दर को कम करने में भी उल्लेखनीय कार्य किया।
फोटो 3 – नंदलाल बैरागी।
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