लवेश स्वर्णकार, रायपुरिया आचार्य भगवान उमेश मुनि मसा की अनुकंपा से वर्षावास के दौरान इस पावन पर्व पर जिनेंद्र मुनि की महती कृपा से तथा अपनी दादी किरणबाला पति स्व.चंदनमल जी भंडारी की प्रेरणा से बालक दिव्य पिता मनीष (नाना भाई) भंडारी ने 10 वर्ष की उम्र में 8 उपवास का पारणा किया जिसके सम्मान में समाज के वरिष्ठ लोगों एवं परिवार द्वारा छोटे से तपस्वी दिव्य का बहू मान किया गया। Post navigation दर्दनाक हादसा: सीएम ने ट्वीट कर जताया दुःख तो विधायक ने की यह बड़ी मांग; मौत का आंकड़ा हुआ 4; पढ़िए अभी तक की पूरी अपडेट विधायक वालसिंह मेड़ा के बेहद करीबी कांग्रेस के यह नेता कल थाम सकते है भाजपा का दामन