रितेश गुप्ता, थांदला कोराना जैसी गंभीर महामारी से लडऩे व जैविक खेती को बढ़ावा देने कार्तिक जैविक आदान केंद्र सुतरेटी पर छटवी जैविक कृषि सतगुरु फाउंडेशन संस्था व हंस फाउंडेशन संस्था के साथ समन्वय बनाकर किसानों को जैविक खेती व प्रशिक्षण कार्यक्रम रासायनिक खेती के लाभ व हानि एवं जैविक की गतिविधियां, फिजूल खर्च, सामाजिक खर्च, डेयरी व्यवसाय, जैविक सब्जी व्यवसाय, जैविक दवाई, खाद निर्माण व्यवसाय, जैविक बागवानी व्यवसाय आदि की महत्वपूर्ण जानकारियां ग्रामीणों को दी। जैविक कृषि उद्यमी व जैविक प्रशिक्षक मुकेश भुरिया द्वारा ग्रामीणों को इस दौरान प्रशिक्षण दिया गया। इस दौरान ग्रामीणों ने मुकेश भूरिया की कृषि संबंधित जानकारियों को सुना व अपने खेतों में जैविक खेती अपनाने का संकल्प भी लिया। Post navigation श्रावण मास में हुई पशुपतिनाथ महादेव व शिव परिवार की प्राणप्रतिष्ठा तिरंगा व धर्म ध्वजा लिए निकली भूजरिया पर्व की शोभायात्रा