लोहित झामर, मेघनगर

मध्यप्रदेश के प्रसिद्ध तीर्थस्थल फुटतालाब स्थित वनेश्वर मारुति नंदन हनुमान मंदिर में आयोजित नवरात्रि गरबा महोत्सव अब केवल धार्मिक आयोजन तक सीमित नहीं रह गया है, बल्कि यह भारतीय संस्कृति, सामाजिक समरसता, धार्मिक आस्था और लोकतांत्रिक मूल्यों का प्रतीक बनकर उभर रहा है। यहां जाति, वर्ग और क्षेत्र की सीमाओं से परे हजारों श्रद्धालु एक साथ माता रानी की आराधना कर रहे हैं। महोत्सव के आठवें दिन रविवार रात श्रद्धालुओं का ऐसा सैलाब उमड़ा कि आयोजन स्थल पर की गई अतिरिक्त व्यवस्थाएं भी कम पड़ती दिखाई दीं। गरबा खेलने वाले युवाओं, ग्रामीण बेटियों, मातृशक्ति और मंदिर में दर्शन करने पहुंचे श्रद्धालुओं की भारी भीड़ से पूरा परिसर भक्तिमय वातावरण में सराबोर नजर आया। प्रदेश के विभिन्न जिलों के साथ मध्यप्रदेश के बाहर से भी बड़ी संख्या में श्रद्धालु फुटतालाब पहुंचे और इस अनूठे आयोजन के साक्षी बने।

धार्मिक आस्था के साथ सामाजिक एकता का संदेश

फुटतालाब का गरबा महोत्सव वर्षों से धार्मिक आस्था और सांस्कृतिक परंपराओं को आगे बढ़ाने का माध्यम बना हुआ है। यहां ग्रामीण क्षेत्रों की बेटियां पारंपरिक वेशभूषा में गरबा प्रस्तुत कर अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन करती हैं, वहीं विभिन्न गरबा दल अपनी कलात्मक प्रस्तुतियों के माध्यम से समाज को महत्वपूर्ण संदेश भी दे रहे हैं। आयोजन में धर्म, संस्कृति, अनुशासन और सामाजिक जागरूकता का अनूठा संगम देखने को मिल रहा है। प्रतिदिन बढ़ती श्रद्धालुओं की संख्या इस महोत्सव की लोकप्रियता को दर्शा रही है।

रविवार रात आयोजन में मुख्य अतिथि के रूप में महिला एवं बाल विकास मंत्री निर्मला भूरिया पहुंचीं। उनके साथ जिला भाजपा महामंत्री गौरव खंडेलवाल, भाजपा के पूर्व जिला मंत्री भूपेश भानपुरिया, पेटलावद के पूर्व विधायक वाल सिंह मेडा, कालू सिंह नलवाया, मेघनगर के पूर्व सरपंच नटवर बामनिया, वंदे मातरम ग्रुप के वरिष्ठ सदस्य कैलाश डामोर, भाजपा युवा नेता वेदप्रकाश बसेर और एल्डरमैन विक्की बन्ना सहित अनेक अतिथि उपस्थित रहे।

संतों के आगमन से बढ़ी आयोजन की गरिमा

महोत्सव में हनुमंत आश्रम पीपलखूंटा के महंत दयाराम दास जी महाराज और चिंतामणि जी महाराज भी अन्य संतों तथा संस्कृत महाविद्यालय में अध्ययनरत विद्यार्थियों के साथ विशेष रूप से पहुंचे। संतों की उपस्थिति से आयोजन की धार्मिक गरिमा और बढ़ गई। मंदिर के महंत दिलीपदास जी महाराज सहित सभी अतिथियों का वरिष्ठ समाजसेवी सुरेश चंद्र पूरणमल जैन और राजेश रिंकू जैन ने स्वागत किया। वहीं महिला एवं बाल विकास मंत्री निर्मला भूरिया का सीमा सुरेश जैन ने दुपट्टा पहनाकर स्वागत किया।

इस अवसर पर मंत्री निर्मला भूरिया ने गरबा महोत्सव में प्रस्तुत की गई सामाजिक और सांस्कृतिक झांकियों को देखा। पारंपरिक संस्कृति के साथ सामाजिक जागरूकता के संदेशों को प्रस्तुत करने वाली इन झांकियों ने उनका ध्यान आकर्षित किया। उन्होंने क्षेत्र की बेटियों को संस्कार, अनुशासन और सांस्कृतिक मूल्यों से जोड़ने के प्रयासों के लिए सुरेश चंद्र जैन एवं आयोजन से जुड़े सदस्यों को बधाई दी।

झांकियों के माध्यम से दिया समाज सुधार का संदेश

फुटतालाब गरबा महोत्सव में इस बार गरबा प्रस्तुतियों के साथ सामाजिक विषयों को भी प्रमुखता दी जा रही है। रविवार रात थांदला के ऑसम ग्रुप ने कला बापजी की प्रभावशाली प्रस्तुति देकर दर्शकों की सराहना प्राप्त की। वहीं थांदला के मेघनाथ का मारुति ग्रुप ने जल, जंगल और पर्यावरण संरक्षण का संदेश देते हुए प्रकृति को बचाने की आवश्यकता पर प्रकाश डाला।

इसके अलावा विभिन्न गरबा दलों ने बाल विवाह की रोकथाम, नारी शक्ति, महिलाओं के संघर्ष, त्याग और समाज में उनकी महत्वपूर्ण भूमिका को दर्शाती प्रेरणादायी प्रस्तुतियां दीं। कलाकारों ने अपनी प्रस्तुतियों के माध्यम से यह संदेश देने का प्रयास किया कि धार्मिक और सांस्कृतिक आयोजन समाज में सकारात्मक बदलाव लाने का सशक्त माध्यम बन सकते हैं।

मुख्य अतिथियों ने इन प्रस्तुतियों की सराहना की तथा समाजसेवी सुरेश चंद्र जैन के साथ कलाकारों और गरबा दलों को पुरस्कार प्रदान कर उनका उत्साहवर्धन किया। आयोजन में ग्रामीण प्रतिभाओं को मंच मिलने के साथ ही युवाओं को अपनी कला और संस्कृति से जुड़ने का अवसर भी मिल रहा है।

मातृशक्ति और ग्रामीण बेटियों की भागीदारी बनी आकर्षण

फुटतालाब गरबा महोत्सव की विशेषता यहां ग्रामीण अंचलों की बेटियों और मातृशक्ति की बड़ी भागीदारी है। पारंपरिक परिधानों में सजी युवतियां जब सामूहिक रूप से गरबा करती हैं, तो पूरा परिसर रंग-बिरंगी रोशनी, संगीत और भक्ति के वातावरण से जीवंत हो उठता है। दूर-दराज के क्षेत्रों से आने वाले श्रद्धालु इन प्रस्तुतियों को देखने के साथ मंदिर में दर्शन कर माता रानी का आशीर्वाद भी प्राप्त कर रहे हैं।

आयोजन से जुड़े समाजसेवी सुरेश चंद्र पूरणमल जैन और राजेश रिंकू जैन के मार्गदर्शन में धार्मिक परंपराओं के साथ सामाजिक चेतना को भी प्राथमिकता दी जा रही है। गरबा दलों द्वारा प्रस्तुत किए जा रहे विषयों से नई पीढ़ी को पर्यावरण संरक्षण, महिला सम्मान, सामाजिक कुरीतियों के उन्मूलन और भारतीय संस्कृति के महत्व के प्रति जागरूक करने का प्रयास किया जा रहा है।

आज नृत्य-नाटिकाओं की विशेष प्रस्तुतियां, सुबह होगी हनुमान जी की महाआरती

नवरात्रि महोत्सव के आगामी कार्यक्रमों को लेकर श्रद्धालुओं में विशेष उत्साह बना हुआ है। आयोजन से जुड़े युवा समाजसेवी राजेश रिंकू जैन और वरिष्ठ समाजसेवी सुरेश चंद्र पूरणमल जैन ने मातृशक्ति, युवाओं और धर्मप्रेमी नागरिकों से आज शाम आयोजित होने वाली विशेष नृत्य-नाटिकाओं की प्रस्तुतियां देखने के लिए अधिक से अधिक संख्या में पहुंचने का आग्रह किया है।

इसके साथ ही उन्होंने सुबह आयोजित होने वाली हनुमान जी की महाआरती में भी श्रद्धालुओं को शामिल होने का निमंत्रण दिया। आयोजकों ने कहा कि फुटतालाब में नवरात्रि का यह महोत्सव श्रद्धा, सेवा, संस्कार और सामाजिक एकता को मजबूत करने का अवसर है। यहां होने वाली प्रस्तुतियां न केवल दर्शकों का मनोरंजन करती हैं, बल्कि समाज को सकारात्मक दिशा देने का संदेश भी देती हैं।

फुटतालाब में प्रतिदिन उमड़ रही श्रद्धालुओं की भीड़ और प्रदेश के बाहर से पहुंच रहे भक्तों की उपस्थिति यह दर्शाती है कि यह आयोजन अब व्यापक सांस्कृतिक पहचान बना चुका है। माता रानी की आराधना, हनुमान जी के प्रति श्रद्धा और सामाजिक जागरूकता के संदेशों के साथ फुटतालाब का गरबा महोत्सव क्षेत्र की धार्मिक एवं सांस्कृतिक परंपराओं को नई पहचान दे रहा है।

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