मुकेश परमार, अलीराजपुर
अलीराजपुर पुलिस ने बच्चों की तस्करी यानी मानव तस्करी करने वाले एक गिरोह का पर्दाफाश किया है। दिलचस्प बात यह है कि शहर के एक बड़े कारोबारी शैलेंद्र उर्फ शैलू राठौर बच्चों की खरीद-फरोख्त के मामले में पुलिस की जांच में मास्टर माइंड निकला है। पुलिस ने योजना बनाकर शैलु राठौर व उसके साथियों को आयपीसी की धारा 370 एवं 363 तथा जुवेनाइल जस्टिस एक्ट की धारा 81 के तहत गिरफ्तार कर लिया है। अलीराजपुर एसपी विपुल श्रीवास्तव ने एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में बताया कि आज दिनांक 11 नवंबर को अलीराजपुर थाने पर एक सामाजिक संस्था के कार्यकर्ता प्रशांत दुबे द्वारा सूचना प्राप्त हुई कि अलीराजपुर के निवासी शैलु राठौर एक बच्चा बेचना चाहता है तथा उन्हें यानी प्रशांत दुबे को बच्चा खरीदने के लिए आज बुलवाया है। इस सूचना पर एसपी ने एडिश्नल एसपी सीमा अलावा के निर्देशन में एक टीम गठित की जिसमें पुलिस की सब इंस्पेक्टर चंचला सोनी तथा शिकायतकर्ता प्रशांत दुबे को बकायदा एक दंपत्ति बनाकर शैलु राठौर के घर भेजा गया। जैसे ही बच्चे को बेचने की डिलिंग पूरी हुई वैसे ही पुलिस के एक छापामार दल ने छापामाकर शैलेंद्र राठौर उम्र 58 वर्ष, उसके साथी बायसिंह उम्र 33 वर्ष, निवासी दीपा की चौकी, देसिंह भिंडे उम्र 35 वर्ष, निवासी काजू विकास रोड अलीराजपुर, दिनेश भिंडे उम्र 28 वर्ष एवं एक अन्य नाबालिग बालिका निवासी जरात को गिरफ्तार कर लिया है और जिस बच्चे का सौदा हुआ था उसकी उम्र 7 वर्ष है उसे जिला चिकित्सालय के अभिरक्षा में भिजवा दिया गया। एसपी श्रीवास्तव के मुताबिक इस संपूर्ण कार्रवाई में अलीराजपुर टीआई दिनेश सोलंकी, आम्बुआ इंचार्ज विकास कपीस, मानपुर थाना प्रभारी ईश्वर चौहान, उपनिरीक्षक दिनेश सोलंकी, उपनिरीक्षक योगेंद्र सोजतिया, एएसआई धर्मेन्द्रसिंह सोमवंशी, प्रधान आरक्षक हरीश, प्रआर मनीष कुमार, प्रआर विजय, प्रआर नरेंद्र एवं दिपेश, आरक्षक मनीष, प्रेमसिंह, विजय का सराहनीय योगदान रहा।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *