विधायक को मुख्यमंत्री व पंचायत मंत्री के नाम सौपेंगे ज्ञापन झाबुआ लाइव के लिए थांदला से रितेश गुप्ता की रिपोर्ट- म.प्र. की 23 हजार पंचायतों के पंचायत सचिवों, सहायक सचिवों, मनरेगा कर्मचारियों के संयुक्त मोर्चा महाआंदोलन के हड़ताल का आज 11वां दिन है, लेकिन सरकार की लापरवाही को देखते हुए 5 मार्च को थांदला विधानसभा के विधायक का उनके निवास स्थान पर घेराव कर क्षेत्र के समस्त पंचायत स्तरीय कर्मचारी घेराव कर ज्ञापन सांेपेंगे। यह जानकारी देते हुए मप्र पंचायत सचिव संगठन के मीडिया प्रभारी रामसिंह मुणिया एवं संगठन सचिव संतोष माली ने बताया कि पूरे मध्यप्रदेष की पंचायत राज व्यवस्था ठप पड़ी है ओर सरकार हमारी मांगो को लेकर अड़ियल रवैया अपना रही है। प्रदेष संगठन सरकार से चर्चा कर समाधान कराना चाहता है, लेकिन विभाग के मंत्री एवं मुख्यमंत्री जानबूझकर इस आंदोलन को उग्र करने पर मजबूर कर रहे है। वहीं मप्र की 52 हजार गांव की जनता पंचायतों में तालाबंदी से बेहद परेषान है। संगठन ने मांग की है कि पंचायत सचिव छइवे वेतनमान के हकदार है, क्यांेकि पंचायत सचिव अध्यापक, जिला जनपद कर्मचारी एक ही संवर्ग और निकाय के कर्मचारी है तो इस संवर्ग में सिर्फ अकेले पंचायत सचिव को छठवें वेतनमान से वंचित करना सोतेला व्यवहार है। सहायक सचिवों को नियमित कर वेतनमान दिया जाए। उन्होेंने बताया कि सभी मांगो को लेकर अनिष्चितकालिन आंदोलन जारी रहेगा, इसी चरण में 5 मार्च को थांदला विधानसभा के विधायक कलसिंह भाबर को थांदला मेघनगर जनपद के सचिव, सहायक सचिव और मनरेगा कर्मचारी/अधिकारी संयुक्त रूप से घेराव कर ज्ञापन सोंपंेगे और निवेदन करेंगे कि हमारी मांगो का समर्थन करें। विधायक को ज्ञापन देने हेतु थांदला-मेघनगर ब्लाॅक अध्यक्षद्धय भावजी डामोर, शांतिलाल कतिजा, रामचन्द्र मालीवाड़, अजय वास्कले, मीडिया प्रभारी रामसिंह मुणिया, रतन डामर, मांगू खराड़ी, भरत सोनार्थी, प्रदीप नायक, अन्तिम बैरागी, भीमसिंह मुणिया, खुशाल कटारा द्वारा धरना व ज्ञापन कार्यक्रम को सफल बनाने की अपील की है। Post navigation जिला सराफा व्यापारी संघ ने दिया धरना झाबुआ की बेटी को पीएम कार्यालय से मिला धन्यवाद