झाबुआ लाइव के लिए बामनिया से लोकेंद्र चाणोदिया की रिपोर्ट- आचार्य प्रवर श्री उमेशमुनिजी ष्अणुष् के सुशिष्य आगम विशारद, बुद्धपुत्र,, प्रवर्तक गुरूदेव जिनेंद्रमुनिजी आदिठाणा का बुधवार को पेटलावद की ओर से नगर में मंगल प्रवेश हुआ। बामनिया में कल पेटलावद रोड स्थित सिद्धार्थ गार्डन पर प्रवर्तक जिनेंद्रमुनिजी के मुखारविंद से नवदीक्षित प्रशस्तमुनिजी, समताजी, हंसाजी व प्रतिज्ञाश्रीजी की बड़ी दीक्षा संपन्न होगी। इस दीक्षा में संयतमुनिजी अणुवत्स धमेंद्रमुनिजी व साध्वी मधुबालाजी, मुक्तिप्रभाजी व पुण्यशिलाजी आदि ठाणा का पावन सानिध्य मिलेगा। मोक्ष की प्राप्ति कैसे हो- जिनेंद्रमुनिजी महती धर्मसभा को संबोधित करते हुए प्रवर्तक जिनेंद्रनिजी ने कहा कि प्रभु ने बताया कि मोक्ष के मार्ग पर आगे कैसे बढ़ा जाएं। मोक्ष प्राप्त करने के लिए गुरूजन व वृद्धजनों की सेवा करना पहला द्वार है। मोक्ष की प्राप्ति के लिए अज्ञानी की संगति से दूर रहना चाहिए जिसके कारण हम मोक्ष पर आसानी से बढ़ सकते है। संसार में गुण भी और अवगुण भी है। हमे गुणों को प्राप्त करना है, अवगुणों को नहीं। मोक्ष की प्राप्ति के लिए एंकात में स्वाध्याय कर उसे चरितार्थ करना ही मोक्ष मार्ग है। मन लगता नहीं मन को लगाना पड़ता है अच्छे कार्यो के लिए मन को लगाने का प्रयत्न करें। मोक्ष मार्ग में आगे बढऩे के लिए साधक को धेर्य चाहिए। वहीं नवदीक्षित के लिए संबोधित करते हुए कहा कि दीक्षा लेकर गरूजनों की सेवा करना ही मोक्ष का मार्ग है।धर्मसभा को अणुवत्स संयतमुनिजी ने भी संबोधित करते हुए कहा कि हमें बड़ी दीक्षा की अनुमोदना करना है। दीक्षा लेना ही काफी नहीं, दीक्षा के बात सयंम यात्रा शुरू हुई है। शिक्षा यात्रा के निर्वधन पूर्ण होनी की एक कड़ी है। पहली शिक्षा स्वछदंता का त्याग ही मोक्ष की प्राप्त है। भगवान की आज्ञा और गुरू की आज्ञा पर चलने में ही जीवन सार्थक होगा। गुणानुवाद सभा भी होगी श्री वर्धमान स्थानकवासी जैन श्रावक संघ के अध्यक्ष विमल मूथा ने बताया कि गुरूवार पेटलावद रोड स्थित सिद्धार्थ गार्डन पर सुबह 9 बजे प्रवचन के बाद चारों नवदीक्षितों की बड़ी दीक्षा व मालवकेसरी सौभग्यमलजी की 121वीं जन्म जयंती मनाई जाएगी। इसके बाद गुणानुवाद सभा व ध्यान मांगलिक होगी। इस दौरान जैन समाज के प्रतिष्ठान दोपहर 1 बजे तक बंद रहेंगे। बाहर से पधारे गए समाजजनों की आत्थिय सत्कार की व्यवस्था श्री संघ द्वारा शिव मंदिर के पास रखी गई है। तैयारीयां पूर्ण श्री संघ के वरिष्ठ श्रावक भंवरलाल बाफना, कांतिलाल गांधी, प्रदीप मांडोत, प्रकाश वागरेचा, सुनील पटवा आदि ने बताया कि बड़ी दीक्षा के लिए श्रीसंघ के साथ-साथ नवयुवक मंडल, महिला मंडल, बालिका मंडल व अखिल भारतीय चंदना श्राविका संगठन ने भी तैयारीयां पूर्ण कर ली है। आज ही तैयारियों कों अंतिम रूप तैयार किया गया। Post navigation शराब के नशे में याद आई पुरानी रंजिश, देवझिरी ले जाकर हत्या कर हुए थे दोनों आरोपी फरार राष्ट्रीय बालिका दिवस पर बालिकाओं-महिलाओं में जन चेतना जाग्रति करने के उद्देश्य से महिला सशक्तिकरण सम्मेलन का शुभारंभ