रितेश गुप्ता@ थांदला अंचल के ख्याति प्राप्त देवस्थान स्वयंभू माता मंदिर देवीगढ़ पर जनजाति विकास मंच की एक दिवसीय कार्यशाला संपन्न हुई l इस अवसर पर कार्यशाला को अखिल भारतीय जनजाति हित रक्षा मंच के गिरीश कुबेर के मंचासीन मिट्ठू सिंह मुनिया, पूर्व वन समिति जामदा के अध्यक्ष सत्तू डामोर, ग्राम कोटा के सरपंच कल्लाजी भगत , वैभव सुरंगे , रूप सिंह नागर, नरेंद्र, जिला प्रचारक झाबुआ , विजेंद्र निगवाल, अवधेश प्रताप , रमेश मुनिया द्वारा विभिन्न सत्रों में जल जंगल जमीन संरक्षण हेतु ग्रामीणों में जागरूकता लाने हेतु संबोधित किया l कार्यशाला में चयनित कूल 18 गांव में ग्राम समिति वन समिति के माध्यम से गांव का सर्वांगीण विकास किस प्रकार से होना चाहिए तथा जल जंगल जमीन को लेकर हमारे जनजातीय बंधु कितने सक्रिय हैं कितने जागरूक हैं इन तमाम मुद्दों पर सम्मानीय अधिकारियों द्वारा चर्चा की गई बैठक की संपूर्ण भूमिका जनजाति विकास मंच विभागीय संगठन मंत्री कैलाश अमलियार द्वारा रखी गई बैठक में संपूर्ण गांव वालों ने अपने गांव का जंगल फॉरेस्ट विभाग के अधीन है जिसे जंगल की परिसीमन द्वारा उन्हें गांव वालों द्वारा संचालित किया जाना यह भी तय किया इस हेतु एसडीएम एवं कलेक्टर को आवेदन प्रस्तुत कर तमाम मांगों को रखने व उन्हें सुचारू रूप से चरणबद्ध तरीके से चलाने का निर्णय लिया गया l इस अवसर पर श्रमेश मुनिया , शांतु बारिया ,श्लाल चंद देवल मोहन सिंगार , यशवंत बामनिया सहित बड़ी संख्या में जनजाति विकास मंच के कार्यकर्ता उपस्थित थे l कार्यक्रम का संचालन जनजाति विकास मंच के संजय भाबर ने किया तथा आभार गौर सिंह कटारा ने माना l Post navigation आपराधिक मामलों के निर्णय से समाज में बढ़ता है न्याय के प्रति विश्वास अपनी दुकान पर भूले हजारों के नोट बंडल को उसके मालिक तक पहुंचा कर दुकानदार मोहन भाई ने पेश की ईमानदारी की मिसाल