वेतन न मिलने से सोंडवा के सचिवों का हल्लाबोल, 3 दिनों तक पंचायतों में लटके रहेंगे ताले

0

वेतन न मिलने से सोंडवा के सचिवों का हल्लाबोल, 3 दिनों तक पंचायतों में लटके रहेंगे ताले

अजय मोदी, सोंडवा

मार्च महीने से वेतन न मिलने से नाराज सोंडवा जनपद पंचायत के सचिवों और सहायक सचिवों का गुस्सा फूट पड़ा है। सचिव संगठन और ग्राम रोजगार सहायक (GRS) संगठन ने अपनी मांगों को लेकर मुख्य कार्यपालन अधिकारी (CEO) को सामूहिक हड़ताल का नोटिस सौंप दिया है। इस निर्णय के तहत 3 जून से 5 जून 2026 तक सभी सचिव सामूहिक अवकाश पर रहेंगे, जिससे क्षेत्र की पंचायतों में पूरी तरह कामकाज ठप रहेगा।

सचिवों का आरोप है कि बजट स्वीकृत होने के बावजूद अधिकारी जानबूझकर उनका वेतन जारी नहीं कर रहे हैं। इस हड़ताल के कारण ग्रामीण विकास योजनाएं, पेंशन और आवास से जुड़े महत्वपूर्ण कार्य पूरी तरह प्रभावित होने की आशंका है, जिसका सीधा खामियाजा आम जनता को भुगतना पड़ेगा।

आक्रोश की 3 मुख्य वजहें

लंबे समय से बकाया भुगतान: सचिवों को मार्च 2026 से (विगत 3 माह से) वेतन नहीं मिला है। वहीं, ग्राम रोजगार सहायकों (GRS) का दिसंबर 2025 से मार्च 2026 तक का (लगभग 6 महीने का) मानदेय बकाया है।

लक्ष्य का अनुचित दबाव: eKYC और सकल सत्यापन का 100% लक्ष्य पूरा करने का दबाव बनाया जा रहा है, जबकि आधार अपडेट न होने के कारण काम बीच में अटका हुआ है। इसके चलते पेंशन और लाड़ली लक्ष्मी जैसी महत्वपूर्ण योजनाएं भी प्रभावित हो रही हैं।

नियम विरुद्ध बैठकें: 15 दिनों के अंतराल पर होने वाली बैठकों को महज 3-3 दिनों में आयोजित किया जा रहा है। अवकाश के दिनों में भी बैठकें बुलाई जा रही हैं और इसके लिए कोई पेट्रोल भत्ता भी नहीं दिया जाता।

संगठन ने दी चेतावनी

सचिव संघ ने स्पष्ट कर दिया है कि जब तक लंबित भुगतान और अन्य समस्याओं का स्थायी समाधान नहीं होता, तब तक उनकी ‘कलम बंद’ हड़ताल जारी रहेगी।

इस विरोध प्रदर्शन और नोटिस सौंपने के दौरान सचिव संगठन सोंडवा के अध्यक्ष भायसिंह खरत, सचिव रमेश नरगावा, रामसिंह सोलंकी, गजेंद्र वाघेला, नरेंद्र भयडिया और खुमान तोमर उपस्थित थे। वहीं, ग्राम रोजगार सहायक सचिव संगठन सोंडवा के अध्यक्ष बेनिदयाल सोलंकी सहित राजल कनेश, नरसिंह भयडिया, जैमाल डावर और लक्ष्मणसिंह भी अपनी मांगों को लेकर प्रमुख रूप से मौजूद रहे।

Leave A Reply

Your email address will not be published.