भूपेंद्र नायक, पिटोल पशुओं में विशेषकर गाय एवं बेलों में लंपी वायरस का प्रकोप संपूर्ण देश में हुआ। इस वायरस का प्रवेश भी मध्यप्रदेश में पिटोल क्षेत्र से ही हुआ। उस पर कंट्रोल करने के लिए जिला पशु चिकित्सालय झाबुआ के वरिष्ठ अधिकारियों के निर्देशन में पिटोल क्षेत्र में अत्यधिक लंपी वायरस फैलने की वजह से डॉ लक्ष्मण नायक द्वारा गांव-गांव घर-घर जाकर सुबह नो बजे से दो बजे तक टीकाकरण अभियान चलाकर पशुओं की मृत्यु दर को कम करने के लिए बहुत मेहनत की। मेहनत का नतीजा हुआ पिटोल पिटोल क्षेत्र में पशुओं की मृत्यु दर कम हुईं। पशु चिकित्सा एवं पशु पालन विभाग के अंतर्गत पशु चिकित्सा लय पिटोल मे जब से लक्ष्मण सिंह नायक वरिष्ठ पशु चिकित्सा क्षेत्र अधिकारी के पद पर कार्यरत है तब से आस पास के लगभग बीस गांव के पशु पालकों को अपने पशुओं के उपचार की सुविधा आसानी से उपलब्ध हो रही हैं। वर्तमान में लंपी नाम की बिमारी का जिले में प्रकोप सर्व प्रथम पिटोल क्षेत्र से ही प्रारम्भ होकर जिले में फैला इन्ही लोगो व शासन द्वारा प्रदाय सुविधाओ के प्रयास से बिमारी पर काबू पाया गया व उसी का परिणाम यह हुआ कि आज इन्हे सांसद व जिला कलेक्टर द्वारा इन्हे लम्फी बीमारी से कुशलता पूर्वक उपचार व टीकाकरण कार्यक्रम को सफल बनाने में कामयाब होने पर आज इन्हे प्रसक्ति पत्र से सम्मानित किया गयाl समय से अपनी संस्था को खोलना व समय से बंद करना इनका गुण हैं। Post navigation घर के पास खेत में की जा रही गांजे की खेती पकड़ी, पौधे जब्त किए निर्माणाधीन स्कूल भवन से चोरी कर सीमेंट सरिया ले जा रहे वाहन को ग्रामीणों ने पकडा