जितेंद्र वाणी, नानपुर आलीराजपुर जिले के नानपुर स्वास्थ्य केंद्र पर ठेकेदार व स्वास्थ्य विभाग की लापरवाही से मरीजों को पानी नहीं मिल पा रहा है, इस मामले का निराकरण अब तक नहीं हो पाया है इस बीच अब मेडिकल आफिसर के बंगले को भी भंगार एवं गोडाऊन बना दिया गया है। पीयूआई विभाग के जिम्मेदार द्वारा निर्माण कार्य मे अनियमितता लगातार की जा रही है, जिसको लेकर आखिर जिला स्वस्थ विभाग जान बूझ कर क्यो अंजान है ? प्राप्त जानकारी के अनुसार ग्रामीणों व मरीजो की सहुलियत के लिए नानपुर स्वाथ्य केंद्र के पास बने वीआईपी भवन का निर्माण इसलिए किया गया था ताकि रात देर रात यदि कोई गम्भीर अवस्था मे मरीज आये तो उन्हें तत्काल ईलाज मिल जाये व जान बच जाए। एक वर्ष से मेडिकल आफिसर व डॉक्टर स्वास्थ्य केंद्र से दूर अन्य जगह पर रहकर किराए के मकान में रह रहे है। इसी के चलते वीनस कंट्रक्शन के ठेकेदार द्वारा सरकारी भवन को भी गोडाउन बना दिया है। इसमें व अन्य सामग्री भर कर रखी है। स्वास्थ्य केंद्र रात में सिर्फ चपरासी के भरोसे रहता है। मामले में ग्राम पंचायत की सरपंच सकरी समरथ सिंह मोर्य ने बताया कि जब नानपुर स्वास्थ्य केंद्र पर निरीक्षण के लिए गए तो सरकारी क्वाटर के बाहर सीमेंट की बोरिया पड़ी थी । सरपंच ने बताया कि जल्द ठेकेदार को बोल के क्वाटर खाली करवाते है। जिससे मरीजो को राहत मिलेगी। डॉक्टरों को क्वाटर में रहने के लिए भी बोलेंगे । Post navigation राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन के अंतर्गत राष्ट्रीय किशोर स्वास्थ्य कार्यक्रम का आयोजन किया कलेक्टर के आदेश को भी नही मान रहा है पीआईयू विभाग, लगातार मनमानी करते आ रहा है ठेकेदार