झाबुआ आजतक के लिऐ काकनवानी से “राहुल पांचाल” की रिपोर्ट–छाया–गोलु पांचाल ॥ आदिवासी बहुल झाबुआ जिले की थांदला तहसील के पलवाड इलाके से भारी पलायन एक बार फिर शुरु हो गया है आलम यह है कि काकनवानी से सुबह 9 बजे ओर शाम को 6 से 8 बजे के बीच करीब 10 बसों मे सवार होकर श्रमिक गुजरात के सुरत शहर की ओर भारी संख्या मे पलायन कर रहे है ।।पलायन करने वालो की माने तो कोई शोक से हम पलायन नही कर रहे है बल्कि मजबूरी मे परिवार के पेट की आग बुझाने के लिऐ यह पलायन हो रहा है मनरेगा जैसी योजनाएँ लगभग बंद हो चुकी है ओर स्थानीय स्तर पर रोजगार उपलब्ध नही है लिहाजा पलायन मजबूरी है पलायन करने वाले “दिनेश पलाया निवासी हेडावा’ एंव कालू मुणिया निवासी काकनवानी भी पलायन कर गये इन दोनो का कहना है कि उनके गाव मे काम नही है इसलिए पलायन मजबूरी है इसी तरह के बयान “राकेश निवासी आमलियामाल ने भी दिये । Post navigation पश्चिम रेलवे द्वारा नामित स्टेशनों तथा चुनिंदा ट्रेनों में आबकारी नीति आदिवासी समाज को बदनाम करने की साजिश -सांसद भूरिया