झाबुआ लाइव के लिए पेटलावद से हरीश राठौड़ की रिपोर्ट- दुर्लभ दोमुंही प्रजाति के सांप तस्करी करने पर न्यायालय ने 3 वर्ष का सश्रम कारावास व 10 हजार रुपए अर्थदंड की सजा सुनाई है। इस मामले में रामूनाथ, भंवरनाथ, विट्ठलनाथ और विक्रेता को वन्य प्राणी संरक्षण अधिनियम की धारा 9/51, 48/51, 49/59 के तहत प्रत्येक में 3 वर्ष का सश्रम कारावास और 15 हजार रूपए के अर्थदंड से न्यायिक दंडाधिकारी प्रथम श्रेणी अनिल कुमार चौहान ने दंडित किया। वहीं बल्लू, रामनिवास, अतुल, सुखबीर, तेजवीर और मनोज को धारा 9/51 और 49/51 के तहत प्रत्येक में 3 वर्ष का सश्रम कारावास और 10 हजार रूपए से दंडित किया। इस मामले में मप्र राज्य की ओर से प्रकरण का सफल संचालन सहायक जिला लोक अभियोजन अधिकारी रवि प्रकाशराय द्वारा किया गया। दरसअल, पेटलावद पुलिस ने 4 फरवरी 2011 को तत्कालीन टीआई अखिलेश द्विवेदी के मार्गदर्शन में मुखबिर की सूचना पर पेटलावद पुलिस ने ग्राम छोटी गेहंडी के रामगढ़ तिराहा से घेराबंदी करकर बामनिया निवासी रामूनाथ पिता नाथूनाथ, विठ्ठल पिता धुलानाथ,भंवरनाथ पिता नाथुनाथ को अवैध रूप से दमोई सांप को बेचते हुए रंगेहाथो पकड़ा था। डिसकवरी चैनल पर इसके विषय में विस्तृत जानकारी के अनुसार झाबुआ जैसे आदिवासी अंचल से इसकी मांग अधिक थी, जो सीधे गुजरात के अहमदाबाद और सूरत तक पहुंचती थी। Post navigation झाबुआ लाइव खबर का असर : मंडी प्रांगण में शुरू हुआ तौल-कांटा अपदस्थ पुजारी ने दिखाई दंबगई, सिंगदेवी माताजी मंदिर पर जड़े तले, पिछले आठ दिनों से पूजा- अर्चना नही