शालू मुणिया, परवलिया राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ स्थापना के 100 वर्ष पूर्ण होने पर शताब्दी वर्ष के रूप में समूचे भारतवर्ष में मंडल स्तर पर हिंदू सम्मेलनों का आयोजन किया रहा है। इसी उपलक्ष में आज परवलिया मंडल में विशाल हिंदू सम्मेलन का आयोजन किया गया सम्मेलन के पूर्व नगर में शोभायात्रा के रूप में जनजातीय समाज का पारंपरिक वाद्य यंत्र ढोल मांदल थाप पर समाज नृत्य करते हुए चल रहे थे। शोभायात्रा के उपरांत धर्म सभा का आयोजन किया गया जिसमे साधु-संतु सामाजिक कार्यकर्ताओ का शॉल श्रीफल भेटकर सम्मानित किया। हिन्दू सम्मेलन आयोजन के वक्ता के रूप में सामाजिक कार्यकर्ता भीमा भाई डामोर अथर्व शर्मा व पवन शर्मा (कथावाचक) ने धर्मसभा को संबोधित किया। उपस्थित हिंदू समाज जनों को संबोधित करते हुए डामोर ने कहा की झाबुआ जिला जनजाति बाहुल्य जिला है यहां का जनजातीय समाज प्रकृति पूजक है आदि अनादि काल से हिंदू देवी देवताओं की पूजा करता आ रहा है। वर्तमान परिस्थितियों के आधार पर जब तक जात पात संप्रदाय से ऊपर उठकर काम नहीं करेंगे तब तक हिंदू समाज एकजुट नहीं होगा। इसलिए जात-पात की विदाई करनी पड़ेगी तभी सर्व हिन्दू समाज एकजुट होगा। वही राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ से जुड़े पवन शर्मा और अथर्व शर्मा ने कहां की आज पूरी दुनिया अनैतिकता, अधर्म, अन्याय, युद्ध, जल और पर्यावरण संकट से जूझ रही है। ऐसी स्थिति में हिंदू समाज का दायित्व बनता है कि वह धर्म को आधार बनाकर मानवता के रक्षक के रूप में खड़ा हो। इतिहास का स्मरण कराते हुए पवन शर्मा ने कहा कि दुनिया के कई देशों ने शक्ति के बल पर शोषण, दमन और गुलामी का रास्ता अपनाया, जबकि भारत ने कभी ऐसा नहीं किया। भारत के राजाओं, संतों, ऋषियों और महापुरुषों ने मानवता, करुणा व समरसता का मार्ग दिखाया। यही कारण है कि आज भारत का कर्तव्य है कि वह विश्व गुरु बने, लेकिन शोषणकारी नहीं बल्कि मार्गदर्शक के रूप में। विश्व गुरु बनने का अर्थ स्पष्ट करते हुए शर्मा ने कहा कि इसका अर्थ सत्ता या प्रभुत्व नहीं, बल्कि हिंदू धर्म, हिंदुत्व और भारतीय संस्कृति के श्रेष्ठ मूल्यों को जीवन में उतारना है। यदि हिंदू भाव को भूल गए, तो संकट निश्चित हैं। उन्होंने संघ गीत की पंक्तियां को उद्धृत करते हुए कहा ””हिंदू भाव को जब-जब भूले, आयी विपद महान। अंत मे जात पात की करो विदाई-हिन्दू हम सब भाई भाई के जयघोष के साथ कार्यक्रम का समापन हुआ। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में सर्व समाजजन उपस्थित थे। Post navigation दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेस-वे के पास की जमीन उद्योगों को देने का विरोध, ग्रामीणों ने कहा- उद्योग नहीं खेती चाहिए बाबा कोकिंदा पहाड़ी पर जन अभियान परिषद की सेक्टर बैठक का आयोजन किया