हम भयावह से भयावह हालात से निपटने में सक्षम हैं, परंतु हमारी कोशिश यह रहे कि भयावह हालात न बनने पाए: SDM IAS शिशिर गेमावत

0
717

सलमान शैख@ झाबुआ Live

कोरोना की दूसरी लहर की विभीषिका हम सभी ने झेली है। वो डर और दहशत भरे बुरे दिन दोबारा न आएं इसके लिए हर स्तर पर सतर्कता जरूरी है। प्रशासन के साथ जनप्रतिनिधियों, आपदा प्रबंधन समिति के सदस्यों तथा समाज सेवी एवं स्वयंसेवी संगठनों को एकजुट होकर कार्य करना होगा।
यह बाते एसडीएम आईएएस शिशिर गेमावत ने कही। वे आज मंगलवार को जपं सभाकक्ष में कोरोना की संभावित तीसरी लहर के मद्देनजर आयोजित हुई आपदा प्रबंधन की बैठक में उपस्थित अधिकारियों, जनप्रतिनिधियों, गणमान्य नागिरको व पत्रकारों के बीच बोल रहे थे।
एसडीएम श्री गेमावत ने स्वास्थ्य विभाग के सहयोग से कोरोना की संभावित तीसरी लहर से निपटने की जा रही तैयारियों पर संतोष जताया। उन्होंने कहा कि पूरे पेटलावद क्षेत्र में कोरोना की तीसरी लहर आने की पूर्व की तैयारियों को देखते हुए कहा जा सकता है कि हम भयावह से भयावह हालात से निपटने में सक्षम हैं। परंतु हमारी कोशिश ऐसी होनी चाहिए कि भयावह हालात न बनने पाएं। शासन और प्रशासन इस बारे में पूरी तरह सजग है। समाज के सभी वर्गों का सहयोग भी इस दिशा में जरूरी है।
नया प्रतिबंध अभी नही लगेंगे-
पेटलावद विकासखंड में अभी कोरोना संक्रमण को लेकर किसी तरह के कोई प्रतिबंध नहीं लगाए जाएंगे। आपदा प्रबंधन समिति की बैठक में यह निर्णय हुआ है। हालांकि जनप्रतिनिधियों का कहना है कि तीसरी लहर और कोरोना के मामलों में बढ़ोतरी देखते हुए हाट बाजार पर प्रतिबंध लगाना जरूरी है। वहीं सभी को अभी से सतर्क रहना चाहिए। आगामी माह में शादियों के मुहूर्त हैं, अभी से गाइडलाइन जारी कर देनी चाहिए, ताकि लोग उसके अनुसार तैयारी करें।

दुकानदार बिना मास्क वालो को न दे सामान-
बैठक में यह सुझाव भी दिए गए कि मास्क को लेकर जागरूकता के लिए नगर के व्यापारी एकता करे और बिना मास्क दुकानों पर आने वाले ग्राहकों को सामान न देवे। इसके लिए जरूरत है व्यापारियों के सहयोग की। अगर व्यापारी दुकान से बिना मास्क वालो को सामान नही देंगे तो हर व्यक्ति मास्क पहनकर ही घर से बाहर निकलेगा।
दवाओं की किट तैयार करें:

एसडीएम ने होम आइसोलेशन वाले कोरोना मरीजों के लिए पर्याप्त संख्या में दवाओं की किट तैयार करने के निर्देश दिए। उन्होंने कोरोना वैक्सीनेशन की प्रगति एवं 15 से 18 वर्ष तक की आयु के बच्चों के टीकाकरण के इंतजामों की जानकारी ली। उन्होंने बताया कि पेटलावद में पर्याप्त संख्या में आक्सीजन एवं बेड उपलब्ध हैं। पूर्व में स्थापित कोविड केयर सेंटरों को भी चालू किया जाएगा। जनप्रतिनिधियों ने पर्याप्त संख्या में चिकित्सकों की पदस्थापना की आवश्यकता बताई। सिविल अस्पताल में शिफ्ट बदलने के समय रिलीवर के न आने तक ड्यूटी पर तैनात चिकित्सक को अस्पताल में मौजूद रहने के निर्देश जारी करने के सुझाव दिए।
इस दौरान एसडीओपी सोनू डावर, टीआई संजय रावत, तहसीलदार जगदीश वर्मा, बीएमओ डाक्टर एमएल चोपड़ा, आबकारी उपनिरीक्षक योगेश दायमा सहित अन्य विभागों के अधिकारी, जनप्रतिनिधि, गणमान्य नागरिक व पत्रकार मौजूद रहे।

कोई जवाब दें

Please enter your comment!
Please enter your name here