सिराज बंगडवाला, खरडूबड़ी खरडूबडी में दुकान व्यवसाय विद्युत मंडल की लापरवाही से त्रस्त है। बताया जा रहा है कि कभी ऑडिट के नाम से हजारों के बिल उपभोक्ता को थमा दिया जाता है और कभी लोक अदालत में जमा किये गए राशि का भी दोबारा वसूली के नाम से नोटिस जारी किया जाता है। ऐसा ही मामला खरडूबड़ी के दुकान व्यवसाय को देखने को बताया जा रहा है कि उपभोक्ता द्वारा 2013 में विद्युत मंडल के अधिकारियों ने जबरन पंचनामा बनाकर उपभोक्ताओं द्वारा पेमेंट भी वसूली किया गया था पंरतु जिसकी बिल उपभोक्ताओं ने नहीं लेने के कारणों से छह साल बाद फिर से 14 सितंबर 2019 को राष्ट्रीय लोक अदालत में इन सभी उपभोक्ताओं ने दोबारा इसी पंचनामा कमाक नं 7952/08 जिसकी बिल क्रमांक बुक नं. 7174 नकद 865 और 7952.12 जिसकी रसीद 002 बुक नंबर 7174 के 865 रुपये की राशि भुगतान किया गया है, जब विद्युत मंडल के अधिकारियों को इस राशि को जमा कर प्रकरण को निरस्त कर खत्म कर देना चाहिए था जिसके कारण एक साल बाद फिर भी आज उपभोक्ताओं को इस राशि के संबंध में फिर से नेशनल लोक अदालत में 12 दिसंबर 2020 को नोटिस दिया गया है जिसके कारण देखने को मिल रहा है। विद्युत मंडल में खुलेआम लापरवाही दिखाई दे रहा है जब गरीब आदिवासी किसानों को जबरन लाइट बिल भरवा रही है। यह सही है कि गरीब आदिवासी किसानों अपने जरूरत कागजात भी सही तरीके से रख नहीं सकते तो इस बिल को कैसे रख सकते है। इसलिए यह गरीब आदिवासी किसानों अगर सरकारी कागजात है तो वह ज्यादा छानबीन किया बगैर इस प्रकरण की राशि भर देते है जिसके लिए अधिकारियों को राशि वसूली कर प्रकरण को निरस्त कर देना चाहिए जिससे दोबारा इस प्रकरण की वसूली न किया जा सके, जिसके लिए जिम्मेदार किसे ठहराया जाना चाहिए। Post navigation राणापुर में बस चालक से मारपीट करने वालो पर हो सख्त कार्यवाही; बस यूनियन व चालक परिचालक संघ ने रखी मांग खंडस्तरीय संविधान दिवस बालक उत्कृष्ट विद्यालय पर मनाया