झाबुआ लाइव के लिए पेटलावद से से हरीश राठौड़ की रिपोर्ट- मंशा महादेव का व्रत की पूर्णाहुति सोमवार को श्रद्धापूर्वक की गई। पूर्णाहुति की पूजन के लिए 24 घंटे पहले से नंबर लग गए थे। महिलाओं ने पूरी रात जाग कर अपने नंबर पर पूजन करने के लिए बड़ी मशक्कत की। पेटलावद नगर में लगभग 1000 से अधिक घरों में मंशा महादेव का व्रत किया जाता है। व्रत का शुभारंभ चार माह पहले श्रावण मास में होता है। जिसके बाद प्रतिएक सोमवार को भगवान की पूजा अर्चना की जाती है और व्रत की पूर्णाहुति दिपावली के बाद की चतुर्थी यानी सोमवार को हुई। सुबह 3 बजे से पूजा का क्रम प्रारंभ हुआ जो की दोपहर 2 बजे तक लगातार चलता रहा। हजारों श्रद्धालुओं ने पूजा अर्चना कर व्रत पूर्ण किया। कथा का वाचन पं. कांतिलाल भट्ट ने किया, जो कि पिछले कई वर्षों से कथा का वाचन कर रहे है तथा हर सोमवार को श्रद्धालुओं को कथा श्रवण करवाते है। प्रसादी रात नहीं रहती- मंशा महादेव व्रत की पूर्णाहुति पर उचित माप तउल से बनाई गई लड्डू की प्रसादी का वितरण शाम होने तक करना होता है। इस प्रसादी को यजमान अपने घर में रात नहीं रख सकता है जिसके चलते हर कोई नगर में प्रसादी का वितरण करता हुआ नजर आया। मंशा महादेव का व्रत लगातार चार वर्षों तक करना अनिवार्य है इस व्रत को करना का उद्देश्य अपनी मंशा पूर्ण करने के लिए भगवान से प्रार्थना करना है। Post navigation झाबुआ लाइव खबर का असर : स्वास्थ्य विभाग की टीम ने घर-घर जाकर बनाई स्लाइड, दी हिदायत व्यापारी बाजार में माल खरीदते पाए जाने पर अब होगी सख्त कार्रवाई : कलेक्टर