अलीराजपुर लाइव के लिए नानपुर से जितेंद्र वाणी (राज) की एक्सक्लूसिव रिपोर्ट-
नानपुर क्षेत्र में अवैध ईंट भट्टों का संचालन किया जा रहा है लगभग 50 से अधिक तादाद में अवैध ईंट भट्टे शासन की भूमियों पर लगाए जा रहे हैं। इस दौरान इन ईंट भट्टों में अवैध रूप से लाया गया कोयला तथा जंगलों से काटकर लाई गई लकड़ी के साथ-साथ प्रदूषित फैलाने वाली प्लास्टिक व अन्य सामग्री जलाई जा रही है। वही ईंट भट्टे अपनी सुलभता से भट्टे संचालक ऐसे ठिकाने ढूंढकर लगा रहे हैं जहां पर उन्हें एमपीइबी की गुजरने वाली विद्युत लाइन से फ्री की लाइट मिल जाए साथ ही तालाबों व नदियों के पानी का वह जमकर दोहन कर रहे हैं। इसी के साथ इन ईंट भट्टों में मजदूरों के रूप में वे बाल मजदूरों से काम करवा रहे हैं ताकि उन्हें मनमाफिक मजदूरी कर देकर रफा-दफा किया जा सके। अब इन सब को रोकने के लिए जिम्मेदार शासन के श्रम विभाग, वन विभाग, पुलिस व मध्यप्रदेश पश्चिम क्षेत्र विद्युत मंडल के अधिकारी न कर पाना आर्थिक सद्भावना को ओर इशारा कर रहा है। कमोबेश यह हाल पूरे जिले के हैं, लेकिन जिम्मेदारों के कानों पर जूं तक नहीं रेंग रही है। जिलेभर में अवैध ईंट भट्टे संचालक जमकर सरकारी सामग्रियों का दोहन मुफ्त में कर रहे हैं और जमकर प्रदूषण भी फैला रहे हैं। वही नानपुर में अवैध ईंट भट्टों के लिए खेतों की मिट्टी बेची जा रही है जो ग्राम में धड़ल्ले से ट्रैक्टरों व डंपरो से थाने के सामने से खुलेआम ले जा रहे हैं, जबकि चेकिंग पाइंट के बाद भी प्रशासन को करवाई करने में न करना आर्थिक सद्भावना को उजागर करता दिख रहा है। गरीब किसानों के खेतों में रुपयों की लालच देकर अवैध रूप से बाहरी लोग मिट्टी ले जा रहे हैं। ग्रामीणों ने बताया कि खेतों से मिट्टी का उत्खनन किया जा रहा है और प्रशासन के नुमाइंदे सब कुछ जानते हुए भी अंजान बने हुए हैं। ग्रामीणों का कहना है कि खेतों से मिट्टी निकाली जाएगी तो उसका विपरीत असर फसलों पर पड़ेगा। इसी के साथ अंचल की नदियों से अवैध रेत उत्खनन धड़ल्ले से की जा रही है और जिम्मेदार प्रशासनिक अमला एक-दो कार्रवाई कर अपने कार्य की इतिश्री कर लेता है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *