झाबुआ लाइव डेस्क के लिए हरीश राठौड़/ लोकेंद्र चाणोदिया/अर्पित चोपड़ा की रिपोर्ट-
झाबुआ जिले में टाइगर की झाबुआ के ज्ञात इतिहास में पहली आमद रिकार्ड हो गई है। इसके बाद पेटलावद तहसील के कई गांव में दहशत का माहौल है। झाबुआ लाइव की टीम ग्राउंड जीरो पर कसारबरड़ी गांव पहुंची, और वहां मौजूद वन विभाग के अधिकारियों और वाइल्ड लाइफ एक्सपर्ट विवेक पगारे से बातचीत की। वाइल्ड लाइफ एक्सपर्ट विवेक पगारे से जब झाबुआ लाइव की टीम ने पूछा कि-देवास, उज्जैन, धार, झाबुआ जिले के बाद अब टाइगर का अगला पड़ाव क्या होगा, जवाब में विवेक पगारे का कहना था कि यह टाइगर भटक चुका है और अपने लिए सुरक्षित जंगली क्षेत्र की तलाश में है इसकी तलाश में वे अगले एक-दो दिन में यहां से निकलेगा, और संभवत: यह अलीराजपुर जिले का रुख कर सकता है। अलीराजपुर के आजादनगर व कट्ठीवाड़ा के जंगल शायद इसे सुट करेंगे। विवेक पगारे का यह भी कहना है कि संभव है कि अगर इसके मन में आया तो यह फिर से जिस रास्ते से आया था उसी जगह पर लौट सकता है।
आम लोग हो जाए सावधान, अलीराजपुर गया तो यह ट्रैक हो सकता है-
वाइल्ड लाइफ एक्सपर्ट विवेक पगारे द्वारा रखी गई संभावनाओं को अगर सही माने तो टाइगर अगर अलीराजपुर के लिए रुख करेगा तो मौजूदा दौर में कसारबरड़ी से यह रायपुरिया, कल्याणपुरा, पिटोल, कुंदनपुर, कंजावानी इलाके से होता हुआ आजाद नगर एवं कट्ठीवाड़ा की ओर रुख करेगा। दूसरा एक अन्य ट्रैक खवासा, थांदला, मेघनगर, गुजरात के दाहोद के इलाकों से होते हुए कट्ठीवाड़ा पहुंचेगा। यह एक संभावना है क्योंकि सारा कुछ टाइगर के मूड पर निर्भर करेगा। लेकिन झाबुआ-अलीराजपुर लाइव अपने दर्शकों आगाह करता है कि इन संभावनाओं को देखते हुए वे सतर्क रहे एवं हमारी अगली सूचनाओं का इंतजार करे।