झाबुआ- पिछले नौ दिनों से अपनी नौ सूत्रीय मांगों को लेकर हड़ताल कर रही संविदा महिला स्वास्थ्य कर्मियों ने अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस को काले दिवस के रूप में मनाया। इस दौरान हड़ताल पर बैठी महिलाकर्मी अपनी मांग की ओर सरकार का ध्यान आकर्षण करवाने एवं अपनी मांग पूरी करवाने के लिए काले कपड़े पहनकर आई थी और अपने हाथों को काली रस्सी से जकड़ रखा था। इन संविदा महिला स्वास्थ्य कर्मियों का कहना है कि भले ही सरकार अंतरर्राष्ट्रीय महिला दिवस मनाते हुए महिलाओं को बराबरी का दर्जा देने की बात कहते हो लेकिन अभी भी सरकार महिलाओं में भेदभाव कर रही है। कुछ महिलाओं को तो उन्होंने नियमित रोजगार दिया हुआ है लेकिन अभी भी हजारों की संख्या में महिलाकर्मी संविदा यानी अनुबंध पर काम कर रही है। पिछले दस वर्षों से अनुबंध पर काम करने के बाद भी उन्हें अभी तक रोजगार की सुरक्षा प्राप्त नहीं हो सकी है और न ही उनका वेतन बढ़ाया जा रहा है। ऐसे में यह लग रहा है कि महिलाएं शासन के अनुबंध के तले बंधी हुई है और वह बंधवा मजदूर की तरह कार्य कर रही है। महिला दिवस पर उनकी यह मांग है कि शासन उनकी यह मांगे मानकर उन्हेंं अनुबंध के बंधन से मुक्त करे।
Trending
- भव्य प्रभात फैरी महा आरती के साथ होगा नवसंवत्सर का स्वागत
- जोबट विधायक सेना महेश पटेल ने विधानसभा में उठाया स्वास्थ्य सेवाओं का मुद्दा
- ट्रेक्टर ट्राली में लगे पाइप हैबीलाइन के तारों के संपर्क में आने से उसमें भरी गेंहू फसल जली
- ओवेश मेटल एंड मिनिरल प्रोसेसिंग और एसएमओ में व्यापारियों के फंसे लाखों रुपए, कई महीनों से भुगतान नहीं, एसडीएम को सौंपा ज्ञापन
- मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह सम्मेलन सम्पन्न 154 वर वधु परिणय सूत्र में बंधे
- ग्राम पंचायत में मकानों की गणना के लिए सर्वे शुरू, घर घर दे रहे दस्तक
- रात के अंधेरे में अज्ञात वाहन से तेज रफ्तार बाइक का हुआ एक्सीडेंट
- जोबट वन क्षेत्र में लगी भीषण आग, आग लगने का कारण अज्ञात
- राणापुर में श्री आदि जिन पंचान्हिका प्रतिष्ठा महोत्सव का आगाज़, पत्रिका लेखन कल
- वेतन को लेकर एक सप्ताह से हड़ताल पर सफाई कर्मचारी, गांव में जगह-जगह पड़ा है कचरा