विजय मालवी, बड़ी खट्टाली विश्व आदिवासी दिवस प्रतिवर्ष 9 अगस्त भारत सहित 193 देश मे मनाया जाता है। प्रकृति पर्यावरण की सुरक्षा करने वाले आदिवासी संस्कृति परम्परा को बचाने, उनके विकास की और विश्व का ध्यान आकर्षित करवाने मे लिए यूनाइटेड नेशनलस ने 1993 को विश्व आदिवासी दिवस घोषित किया गया। तभी से विश्व भर मे आदिवासी दिवस आदिवासीयों द्वारा मनाया जाता आ रहा है। इसी कड़ी में रविवार को बड़ी खट्टाली में बैठक रखी गई। जिसमे नितेश जी अलावा अलीराजपुर, लालसिंह डावर जोबट, शंकर गुथरिया, सुरेश किराड़, नीलेश डावर, सुरेंद्र मायडा आदि समाज के वरिष्ठों द्वारा आदिवासी समाज की अस्मिता ओर अस्तित्व, जल, जंगल वे जमीन के संरक्षण, संस्कृति, भाषा-शैली, अपने पारंपरिक-त्यौहारों का संरक्षण कैसे करना एवं 9 अगस्त विश्व आदिवासी दिवस जो की बड़ी खट्टाली में बहुत ही हर्षोउल्लास एवं धूमधाम से मनाए जाने सम्बंधित आदि महत्वपूर्ण बातें हमारे वरिष्ठजनो एवं मार्गदर्शकों द्वारा बताई गई। बैठक में अलीराजपुर-जोबट जयस, अजाक्स, आकाश एवं बड़ी खट्टाली तथा आस-पास गांव के सैकड़ों जयस युवा एवं समाज़जन सम्मिलित हुए।साथ ही बड़ी खट्टाली जयस की कार्यकारणी गठित की गई जिसमे जिला स्तरीय जयस, जोबट ब्लॉक जयस, बड़ी खट्टाली जयस, अजाक्स, आकाश, एसी एस संगठन एवं समस्त वरिष्ठजनो एवं बुद्दिजीवीवर्ग की अध्यक्षता में कार्यकारिणी गठित की गई जो इस प्रकार है। जयस खट्टाली कार्यकारणी जयस खट्टाली कार्यकारिणी के गठन में संरक्षक कैलाश सोलंकी, अध्यक्ष भारत मौर्य, उपाध्यक्ष दिनेश मंडलोई, सचिव लालसिंह चौहान, प्रेमसिंह डावर सहसचिव विशाल कनेश, कोषाध्यक्ष मुलेश डुडवे, मीडिया प्रभारी राजू कनेश & जगत चौहान, प्रचार-प्रसार मंत्री दिलीप डावर & भोदु मौर्य, अनुसाशन मंत्री रोबिन(टंट्या) डावर को बनाया गया। Post navigation तीन दिन से लापता 55 वर्षीय महिला का नहीं चला पता, पुलिस जुटी सर्चिंग में भगवान जगन्नाथजी रथ यात्रा की तैयारी पूर्ण, झाडु निकालकर होगी शुरुआत, फूल बगंला के होगे दर्शन